कहा, दोनों देशों में व्यापार समझौते को लेकर वार्ता जारी
India-US Trade Deal (द भारत ख़बर), बिजनेस डेस्क : भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को लेकर वार्ता लगातार जारी है। बहुत जल्द दोनों देशों के बीच एक लाभकारी और संतुलित व्यापार समझौता होगा। इस संबंधी जानकारी देते हुए अमेरिका में भारत के राजदूत विनय मोहन क्वात्रा ने कहा कि भारत, अमेरिका के संयुक्त राज्य व्यापार प्रतिनिधि (यूएसआर) के साथ लगातार संपर्क में है। उन्होंने बताया कि पूरे साल भारत-अमेरिका रिश्तों की दिशा पीएम मोदी की फरवरी में हुई अमेरिका यात्रा के दौरान तय हो गई थी, जहां दोनों देशों ने कई अहम क्षेत्रों में ठोस और व्यापक सहमति बनाई थी। इनमें अंतरिक्ष सहयोग भी एक प्रमुख क्षेत्र रहा।
राजदूत ने भारत द्वारा हाल ही में एक अमेरिकी संचार उपग्रह के सफल प्रक्षेपण को भारत-अमेरिका साझेदारी के लिए बहुत अहम और बड़ा दिन बताया। उन्होंने कहा कि यह 2025 के दौरान दोनों देशों के बीच अंतरिक्ष सहयोग में हुई उपलब्धियों की कड़ी का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
दोनों देशों के बीच व्यापक स्तर पर बातचीत चल रही
उन्होंने कहा कि भारत और अमेरिका व्यापार, विज्ञान व प्रौद्योगिकी, एआई जैसे क्षेत्रों में भी सक्रिय रूप से सहयोग बढ़ा रहे हैं। राजदूत ने बताया कि फरवरी में होने वाले अक एक्शन समिट में अमेरिका की मजबूत भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए दोनों देशों के बीच व्यापक स्तर पर बातचीत चल रही है।
भारत 19-20 फरवरी को नई दिल्ली में एआई इम्पैक्ट समिट की मेजबानी करेगा, जो ग्लोबल साउथ में पहली बार आयोजित होने वाला ऐसा शिखर सम्मेलन होगा। क्वात्रा ने कहा कि तकनीक भारत-अमेरिका संबंधों का एक प्रमुख और केंद्रीय स्तंभ बन चुकी है।
भारतीय उद्योग मंत्री ने भारत की स्थिति की थी स्पष्ट
सरे देशों के साथ तेजी से हो रहे मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) के बीच एक बार फिर से उद्योग और वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने स्पष्ट किया है कि भारत किसी भी दबाव के सामने नहीं झुकेगा। उद्योग मंत्री से जब पूछा गया कि भारत और अमेरिका के बीच व्यापार वार्ता कहां पहुंची है तो उन्होंने जवाब देते हुए स्पष्ट किया कि दोनों देशों के बीच चल रही व्यापार वार्ता काफी सकारात्मक रूप से आगे बढ़ रही है।
दोनों ही देशों में व्यापार समझौते को लेकर कुछ मसले अभी हल करने बाकी हैं। जब उनसे पूछा गया कि क्या भारत अमेरिका के लिए अपना डेयरी बाजार खोल देगा तो इसके जवाब में उन्होंने साफ रूप से मना करते हुए कहा कि ऐसा बिल्कुल नहीं होगा। गोयल ने कहा कि भारत कभी अपना डेयरी सेक्टर नहीं खोलेगा। उन्होंने कहा कि किसानों के हित को सबसे ऊपर रखा गया है।

