दिल्ली : बॉलीवुड के मशहूर कॉमेडी एक्टर राजपाल यादव ने चेक बाउंस के एक पुराने केस में दिल्ली की तिहाड़ जेल में सरेंडर कर दिया है। यह घटना 5 फरवरी 2026 या उसके आसपास हुई, जब कोर्ट ने उन्हें अंतिम बार समय दिया था लेकिन पैसे जमा न होने पर राहत खारिज कर दी।
क्या हुआ था मामला? साल 2010 में राजपाल यादव ने अपनी डायरेक्ट की फिल्म ‘अता पता लापता’ बनाने के लिए एक कंपनी (मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड) से करीब 5 करोड़ रुपये उधार लिए थे। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर फेल हो गई, पैसे नहीं लौट पाए। इसके बाद उनका दिया चेक बाउंस हो गया।
2018 में कोर्ट ने उन्हें और उनकी पत्नी को दोषी ठहराया और 6 महीने की जेल की सजा सुनाई। उन्होंने कई बार अपील की, कुछ राहत मिली, लेकिन बकाया रकम (कुछ रिपोर्ट्स में 2.5 करोड़ से ज्यादा, कुछ में 9 करोड़ तक बताई गई) नहीं चुकाई जा सकी। कोर्ट ने बार-बार देरी पर नाराजगी जताई और आखिर में सरेंडर का आदेश दे दिया।
सरेंडर से पहले राजपाल यादव का भावुक बयान जेल में सरेंडर करने से ठीक पहले राजपाल यादव काफी इमोशनल हो गए और रो पड़े। उन्होंने जेल अधिकारियों से कहा: “सर, क्या करूं? मेरे पास पैसे नहीं हैं। कोई दूसरा उपाय भी नहीं दिख रहा… सर, यहां हम सब अकेले हैं। मेरे कोई दोस्त नहीं हैं। मुझे इस मुश्किल से अकेले ही निपटना होगा।”
यह बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। एक्टर अभी तिहाड़ जेल में हैं और आगे की कानूनी कार्रवाई चल रही है।
