इंटरनेशनल डेस्क : रूस के सुदूर पूर्व में आज सुबह 8.8 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया, जिसने प्रशांत क्षेत्र में सुनामी की चेतावनी और बड़े पैमाने पर खाली कराने का सिलसिला शुरू कर दिया। यह भूकंप 2011 के जापान भूकंप के बाद सबसे शक्तिशाली माना जा रहा है, जिसने फुकुशिमा आपदा को जन्म दिया था। आइए, इस घटना की पूरी तस्वीर समझते हैं।
भूकंप और सुनामी का प्रभाव
- स्थान और समय: भूकंप रूस के कामचटका प्रायद्वीप के तट से करीब 136 किमी दूर, पेट्रोपावलोव्स्क-कामचत्स्की शहर के पूर्व में सुबह 9:25 बजे (स्थानीय समय) आया।
- सुनामी की लहरें: रूस के सेवरो-कुरिल्स्क शहर में 4 मीटर तक की लहरें दर्ज की गईं, जिससे बंदरगाह और मछली प्रसंस्करण इकाइयां डूब गईं। जापान के हokkaido और होन्शू तटों पर 60 सेंटीमीटर से 1.3 मीटर की लहरें देखी गईं।
- खाली कराना: रूस में 2000 से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया, जबकि जापान में लगभग 20 लाख लोगों को तटीय इलाकों से हटाया गया। हवाई में भी सायरन बजने से लोग ऊंचाई की ओर भागे।
प्रभावित क्षेत्र
- रूस: कामचटका और कुरिल द्वीपों में इमारतों को नुकसान हुआ, हालांकि गंभीर चोटों की खबर नहीं है। बिजली और मोबाइल नेटवर्क बाधित हुए।
- जापान: उत्तरी और पूर्वी तटों पर सुनामी की चेतावनी जारी रही, लेकिन अब कई क्षेत्रों में इसे सलाह (advisory) तक कम कर दिया गया है।
- अमेरिका: हवाई में 1.7 मीटर तक की लहरें पहुंचीं, लेकिन गंभीर नुकसान नहीं हुआ। कैलिफोर्निया और अलास्का में भी सलाह जारी की गई।
- अन्य देश: फ्रेंच पोलिनेशिया, न्यूजीलैंड, और कोलंबिया जैसे देशों में भी तटीय क्षेत्रों के लिए चेतावनी दी गई।
आधिकारिक प्रतिक्रिया
- रूस के गवर्नर व्लादिमीर सोलोदोव ने इसे “दशकों का सबसे मजबूत भूकंप” बताया और राहत कार्य तेज कर दिए गए।
- जापान की मौसम एजेंसी ने 3 मीटर तक की लहरों की आशंका जताई, लेकिन अब स्थिति नियंत्रित बताई जा रही है।
- हवाई के गवर्नर जोश ग्रीन ने चेतावनी दी कि लहरें “द्वीपों के चारों ओर फैल सकती हैं,” लेकिन अब खतरा कम बताया गया है।
चुनौतियाँ और सावधानियां
- भूकंप के बाद 6.9 तीव्रता तक के आफ्टरशॉक्स की आशंका है, जो अगले महीने तक जारी रह सकती है।
- जापान और रूस में 2011 की आपदा की यादें ताजा हैं, जिससे लोग सतर्क हैं। नाभिकीय संयंत्रों में कोई असामान्यता नहीं पाई गई।
- विशेषज्ञों का कहना है कि तटीय इलाकों में घंटों तक जोखिम बना रह सकता है, इसलिए सतर्कता जरूरी है।
निष्कर्ष
रूस में आए इस 8.8 तीव्रता के भूकंप ने प्रशांत क्षेत्र में हलचल मचा दी है। हालांकि अभी तक बड़े नुकसान की खबर नहीं है, लेकिन सावधानी बरतना जरूरी है। यह घटना प्राकृतिक आपदाओं के प्रति तैयार रहने की याद दिलाती है। इस घटनाक्रम पर नजर रखें, क्योंकि स्थिति अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं है!