संसद में गतिरोध बरकरार, आज बजट सत्र के पहले चरण का 10वां दिन
Budget Session 2026 Live (द भारत ख़बर), नई दिल्ली : संसद में बजट सत्र के पहले चरण का आज 10वां दिन है। इसके साथ ही आज के दिन को मिलाकर पहले चरण में कुल चार दिन बचे हैं। लेकिन अभी तक संसद विशेषकर लोकसभा की कार्यवाही सुचारू रूप से नहीं चल पाई है। संसद में सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच गतिरोध बरकार है। इसी के चलते हर रोज हंगामे के चलते संसद की कार्यवाही बाधित हो रही है।
कल सोमवार को भी ऐसा ही हुआ था। अब लग रहा है कि लोकसभा की कार्यवाही सुचारु रूप से चलने का मामला शर्त बनाम शर्त में उलझ गया है। सोमवार को नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सदन के सुचारु संचालन के लिए बजट पर चर्चा से पहले भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता पर संक्षिप्त चर्चा की शर्त रखी। इसके जवाब में सरकार ने उनसे सत्र के दौरान सदन में हुई घटनाओं पर खेद जताने की शर्त रखी है।
विपक्षी नेताओं की अध्यक्ष के साथ बैठक का भी नहीं दिखा असर
इससे पहले, राहुल गांधी ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव और टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी के साथ लोकसभा अध्यक्ष के साथ सोमवार को आधे घंटे बैठक की। इसके बाद गतिरोध दूर होने की उम्मीद जगी थी। नेता प्रतिपक्ष ने बजट पर चर्चा से पूर्व व्यापार समझौते पर संक्षिप्त चर्चा और इसकी शुरूआत उनकी ओर से शुरू करने की शर्त रखी। इसके जवाब में सरकार ने शर्त रखा कि सत्र के दौरान आसन, प्रधानमंत्री की अवमानना, सदन में विपक्षी सदस्यों के व्यवहार पर नेता प्रतिपक्ष खेद जताएं। सरकारी सूत्रों ने कहा, यह भी हो सकता है कि नेता प्रतिपक्ष भारत-अमेरिका समझौते पर बोलने के बाद फिर से सदन की कार्यवाही न चलने दें। ऐसे में सरकार किसी शर्त के बंधन में नहीं बंधना चाहती।
पहले भी हंगामे में बीता सत्र
बजट सत्र का पहला चरण पहले ही लगातार हंगामे की भेंट चढ़ चुका है। इसकी शुरूआत नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा पूर्व सेना प्रमुख एमएम नरवणे से जुड़ी अप्रकाशित सामग्री पढ़े जाने के विवाद से हुई थी। इस मामले में जोरदार विरोध के बाद कांग्रेस के आठ सांसदों को पूरे सत्र के लिए निलंबित किया गया। इसके बाद कई दिनों तक सदन की कार्यवाही बार-बार स्थगित करनी पड़ी। शुक्रवार को हुए हंगामे के बाद संकेत मिले थे कि विपक्ष अप्रकाशित किताब विवाद को पीछे छोड़कर बजट पर चर्चा करेगा। कांग्रेस और अन्य दलों ने रणनीति बदली थी ताकि आर्थिक मुद्दों पर सरकार को घेरा जा सके।
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