PM Modi Lauds Bastar Pandum Festival, (द भारत ख़बर), नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ के कभी नक्सल प्रभावित बस्तर में आयोजित ‘बस्तर पंडुम’ महोत्सव की जमकर सराहना की है। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, कभी पिछड़ेपन, नक्सलवाद और हिंसा के लिए जाना-जाने वाला बस्तर आज विकास की नई इबारत लिखा रहा है। ‘बस्तर पंडुम’ कार्यक्रम सात फरवरी से 9 फरवरी तक आयोजित किया गया।
संभाग के बदलते स्वरूप को किया रेखांकित
प्रधानमंत्री ने बस्तर संभाग के बदलते स्वरूप को रेखांकित कर कहा कि इलाके में लगातार हो रहे विकास के बाद यहां के लोगों में अब जनजातीय विरासत, परंपरा, समृद्ध संस्कृति और बढ़ते आत्मविश्वास की झलक साफ देखी जा रही है। उन्होंने ‘बस्तर पंडुम’ में यहां की परंपरा, समृद्ध संस्कृति तथा जनजातीय विरासत के भव्य प्रदर्शन का भी उल्लेख किया।
‘बस्तर पंडुम’ के सफल आयोजन के लिए बधाई
पीएम मोदी ने छत्तीसगढ़ के लोगों को ‘बस्तर पंडुम’ के सफल आयोजन के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा, एक समय ऐसा था जब बस्तर का नाम लेते ही नक्सलवाद और हिंसा बात सामने आती थीं, पर अब यहां स्थिति पूरी तरह परिवर्तित हो चुकी है। प्रधानमंत्री ने कामना की कि आगे आने वाला समय बस्तर क्षेत्र के लिए प्रगति के साथ ही शांति व सांस्कृतिक गौरव से भरा हो।
31 मार्च तक नक्सलवाद मुक्त होगा भारत : अमित शाह
गौरतलब है कि सात से नौ फरवरी को जगदलपुर में आयोजित ‘बस्तर पंडुम’ के समापन समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह शामिल हुए थे। उन्होंने इस दौरान एक बार फिर घोषणा की कि 31 मार्च 2026 तक भारत नक्सलवाद मुक्त हो जाएगा। आगामी 31 मार्च तक देश में नक्सलवाद का पूरी तरह खात्मा कर दिया जाएगा।
संस्कृति व पर्यटन का केंद्र बन रहा बस्तर
गृह मंत्री ने कहा, बस्तर अब गोली और बंदूक की जगह अब संस्कृति व पर्यटन का केंद्र बन रहा है। उन्होंने बताया कि ‘बस्तर पंडुम’ छत्तीसगढ़ सरकार की एक पहल है जिसका मुख्य उद्देश्य बस्तर संभाग के लोक नृत्य, पारंपरिक खेलों, जनजातीय संस्कृति, व यहां के संगीत को संरक्षित करना है। हजारों आदिवासी कलाकारों ने इस वर्ष के कार्यक्रम में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया, जिसकी देश भर में तारीफ की गई है।
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