Stone-Pelting During CJP Protest: दिल्ली के कनॉट प्लेस इलाके में शनिवार को प्रदर्शन के दौरान पथराव की घटना सामने आई। PTI बिल्डिंग के पास हुए इस घटनाक्रम में दो पुलिसकर्मी घायल हो गए। शुरुआती जानकारी के मुताबिक करीब 50 प्रदर्शनकारी वहां जुटे थे। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया। यह घटना मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रस्तावित CJP प्रदर्शन के बीच हुई।
PTI बिल्डिंग के पास पथराव, पुलिस ने संभाला मोर्चा
प्रदर्शन के दौरान अचानक तनाव बढ़ गया और पुलिस पर पत्थर फेंके जाने की खबर सामने आई। इस घटना में दो पुलिसकर्मियों को चोटें आईं। इसके बाद पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों को हिरासत में लेना शुरू कर दिया। हालांकि पथराव की शुरुआत कैसे हुई और इसमें कौन-कौन शामिल था, इसकी पूरी जानकारी अभी स्पष्ट नहीं है। CJP के प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए कनॉट प्लेस और नई दिल्ली के अन्य इलाकों में सुरक्षा बढ़ाई गई थी। पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती के साथ कई जगह बैरिकेडिंग की गई। जंतर-मंतर की ओर बढ़ने की कोशिश कर रहे प्रदर्शनकारियों को भी हिरासत में लिया गया।
CJP प्रदर्शन के बीच 1500 से ज्यादा हिरासत में लिए
CJP ने 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का आह्वान किया था। प्रदर्शनकारी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। उनका आरोप है कि मतदाता सूची में संशोधन के दौरान अनियमितताएं हुई हैं। पुलिस ने प्रस्तावित प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी थी और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती कदम उठाए थे। दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में इस प्रदर्शन से जुड़े 1,500 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया था।
पुलिस अधिकारियों ने लोगों से शांति की अपील की
प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी। अधिकारियों का कहना है कि कार्रवाई का उद्देश्य हालात को नियंत्रण में रखना और किसी अप्रिय घटना को रोकना है। गोल डाकखाना और आसपास के इलाकों में भी सुरक्षा बल तैनात किए गए थे। फिलहाल PTI बिल्डिंग के पास पथराव की पूरी वजह और घटना में शामिल लोगों की भूमिका को लेकर विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। पुलिस की कार्रवाई और जांच के बाद मामले में तथ्य स्पष्ट हो सकते हैं।

