केन्द्रीय ऊर्जा, आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल ने युवाओं से पढ़ाई के साथ-साथ कौशल विकास और विदेशी भाषाएं सीखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि हुनर के साथ युवा देश की जड़ों से जुड़े रहें और आत्मनिर्भर बनकर परिवार व राष्ट्र के विकास में योगदान दें।
केंद्रीय मंत्री शनिवार को करनाल में हरियाणा के विदेश सहयोग विभाग और हरियाणा कौशल रोजगार निगम लिमिटेड (HKRNL) द्वारा आयोजित पंचजन्य 2026 कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे।
इस अवसर पर प्रदेश के विभिन्न जिलों से चयनित 210 युवाओं को दुबई जाने के लिए ऑफर लेटर प्रदान किए गए।
इजराइल के लिए 10 हजार और युवाओं की मांग
मनोहर लाल ने बताया कि पहले चरण में 225 युवाओं का इजराइल के लिए चयन हुआ, जिनमें से 180 युवा वहां रोजगार के लिए जा चुके हैं। अब इजराइल से 10 हजार और श्रमिकों की मांग आई है।
दूसरे चरण में 210 युवाओं का चयन किया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार युवाओं को पासपोर्ट, वीजा और विदेश में सुरक्षा की पूरी गारंटी दे रही है, जबकि डंकी रूट से जाने वालों को कोई सुरक्षा नहीं मिलती।
स्किलिंग पर सरकार का विशेष फोकस
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि युवाओं को छात्र जीवन से ही अपने कौशल और प्रतिभा को निखारने पर ध्यान देना चाहिए।
उन्होंने बताया कि देश की कुल आबादी में हरियाणा की हिस्सेदारी मात्र 2 प्रतिशत है, लेकिन इसके बावजूद रक्षा बलों में हरियाणा के जवानों की भागीदारी लगभग 10 प्रतिशत है, जो प्रदेश के युवाओं की क्षमता और समर्पण को दर्शाता है।
विदेश जाकर हरियाणा की छवि चमकाएं युवा: गौरव गौतम
खेल, युवा अधिकारिता एवं उद्यमिता राज्य मंत्री गौरव गौतम ने कहा कि वैश्विक स्तर पर रोजगार के नए अवसर खुले हैं और इसके लिए हरियाणा सरकार लगातार पहल कर रही है।
उन्होंने कहा कि तत्कालीन मुख्यमंत्री और वर्तमान केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने युवाओं के हित में बिना पर्ची-बिना खर्ची व्यवस्था लागू की, जिसे मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी आगे बढ़ा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने शपथ लेने के तुरंत बाद 24 हजार युवाओं को नौकरी देने का वादा पूरा किया। उन्होंने युवाओं से विदेश जाकर हरियाणा की सकारात्मक छवि बनाने की अपील की।
विदेशी भाषाओं की कोचिंग जल्द
विदेश सहयोग विभाग की प्रधान सचिव अमनीत पी कुमार ने कहा कि सरकार युवाओं को ट्रेनिंग से लेकर चयन तक हर स्तर पर सहयोग दे रही है।
भविष्य में युवाओं को जर्मन, जापानी, अंग्रेजी, फ्रेंच जैसी भाषाओं की कोचिंग दी जाएगी। इसके लिए फॉरेन लैंग्वेज पॉलिसी जल्द लागू की जाएगी।
प्रदेश में विभिन्न स्थानों पर सेंटर खोले जाएंगे, जिनमें करनाल में भी एक सेंटर शामिल होगा। इसके अलावा फरवरी में यूके के साथ एक कार्यशालाका आयोजन किया जाएगा।
कार्यक्रम में ये रहे मौजूद
इस मौके पर असंध विधायक योगेन्द्र राणा, मुख्यमंत्री के ओएसडी वीरेन्द्र दहिया, HKRNL के सीईओ अमित खत्री, मेयर रेणु बाला गुप्ता सहित जिला प्रशासन के अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।



