- भारत व दुनिया में लोगों ने अलग-अलग तरीकों से मनाया नववर्ष का जश्न
- राष्ट्रपति मुर्मू, प्रधानमंत्री, राहुल गांधी ने देशवासियों को दी शुभकामनाएं
- अलग-अलग टाइम जोन के चलते 29 देशों में पहले हुआ 2026 का स्वागत
New Year 2026 Celebration, (द भारत ख़बर), नई दिल्ली: देश और दुनियाभर में बुधवार रात से नए साल की धूम रही। नववर्ष-2026 के पहले दिन गुरुवार को भारत में लोगों ने अलग-अलग तरीकों से जश्न मनाया। इससे पहले बुधवार रात को बारह बजते ही देश की राजधानी दिल्ली से कोलकाता और शिमला तक लोगों ने अपने घरों के बाहर आतिशबाजी की। कई ने पार्टियां कीं तो कई ने धार्मिक स्थलों पर जाकर नए साल के आगमन का जश्न मनाया। कई लोगों ने अपने घरों के पास इकट्ठे होकर पटाखे आदि फोड़ने के साथ संगीत के साथ नववर्ष के आगाज का जश्न मनाया। गुरुवार सुबह एक-दूसरे से मिलकर लोगों ने नए साल की बधाइयां दीं।
पेरिस से न्यूयॉर्क तक नए साल की खुशी में जश्न का माहौल
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विपक्ष के नेता राहुल गांधी सहित अन्य कई नेताओं व गणमान्यों ने गुरुवार को सभी देशवासियों को नए साल की शुभकामनाएं दीं और समाज में शांति और सुख की ईश्वर से कामना की। विदेशों में पेरिस से न्यूयॉर्क तक नए साल की खुशी में जश्न का माहौल रहा। अमेरिका, जापान, चीन, सिंगापुर, आॅस्ट्रेलिया और इंग्लैंड सहित कई देशों में, कहीं आतिशबाजी की गई तो कहीं समुद्र के किनारे यानी बीच पर जाकर लोगों ने नए साल का जश्न मनाया।
बुर्ज खलीफा पर लेजर लाइट व आतिशबाजी की गई

संयुक्त अरब अमीरात के दुबई में स्थित दुनिया की सबसे ऊंची इमारत बुर्ज खलीफा पर नए साल की खुशी में लेजर लाइटिंग और आतिशबाजी की गई। लाइट और साउंड शो से पूरी बिल्डिंग जगमगा गई थी। सिंगापुर में बीच पर आतिशबाजी के साथ न्यू ईयर सेलिब्रेट किया गया। चीन के बीजिंग में न्यू ईयर सेलिब्रेशन इवेंट के दौरान ड्रोन और लेजर शो किए गए। सिडनी हार्बर पर नए साल के स्वागत में जमकर आतिशबाजी हुई। जापान ने टोक्यो खाड़ी में आतिशबाजी के साथ 2026 का जश्न मनाया। साउथ कोरिया में घंटी बजाकर नए साल के आगाज का ऐलान किया गया।
कई लोग बीच पर जश्न मनाते देखे गए
भारत में दिल्ली के अलावा चंडीगढ़, शिमला व अन्य बड़े शहरों में बुधवार रात से ही कई लोग नववर्ष मनाने के लिए मंदिरों में पहुंचे, वहीं कई लोग बीच पर जश्न मनाते देखे गए। दिल्ली में इंडिया गेट पर लोगों ने काउंटडाउन के साथ नए साल का स्वागत किया। कनॉट प्लेस व दिल्ली के अन्य प्रमुख स्थानों पर भी इस दौरान भीड़ उमड़ी। लोग नाचते-गाते नए साल में प्रवेश करते नजर आए। जम्मू-कश्मीर में बर्फबारी के बीच लोगों ने 2026 के आगाज का जश्न मनाया। माता वैष्णो देवी में भी भक्तों की भीड़ रही। महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में नए साल की सुबह से पहले बारिश हुई। तमिलनाडु के सबसे लोकप्रिय पर्यटन व तीर्थ स्थलों में से एक कन्याकुमारी में नए साल के सूर्योदय को देखने के लिए भारी संख्या में लोग एकत्रित हुए। अलग-अलग टाइम जोन के चलते भारत से पहले 29 देशों में 2026 का स्वागत हुआ।
सबसे पहले न्यूजीलैंड ने की 2026 में एंट्री
सबसे पहले न्यूजीलैंड ने 2026 में एंट्री की, जहां आकलैंड के स्काई टावर पर भव्य आतिशबाजी हुई। न्यूयॉर्क के टाइम्स स्क्वायर पर जश्न मनाने लगभग 10 लाख लोग पहुंचे। भारत के पड़ोसी देश नेपाल में नए साल की पहली सुबह पर सूर्योदय के नजारे को लोग कैमरों में कैद करते नजर आए। नीदरलैंड्स के एम्स्टर्डम में नए साल के जश्न के दौरान ऐतिहासिक वोंडेल चर्च में आग लग गई, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। स्विट्जरलैंड के क्रैंस-मोंटाना के स्की रिसॉर्ट शहर में स्थित ले कॉन्स्टेलेशन बार एंड लाउंज में नए साल की पूर्व संध्या पर धमाका हो गया। विस्फोट के बाद भीषण आग में कई लोगों के मारे जाने की आशंका है। कई लोग घायल भी हुए हैं। खबर लिखे जाने तक हताहतों की संख्या का पता नहीं चल सका था।
भारत में डांस, म्यूजिक और आतिशबाजी से वेलकम
नए साल के स्वागत में जम्मू-कश्मीर के गांदरबल में पर्यटकों ने बर्फ के बीच मौज-मस्ती की। राजस्थान के उदयपुर में देश-विदेश से पहुंचे पर्यटकों ने नाच-गाने के साथ 2026 का स्वागत किया। पंजाब के अमृतसर में 2026 का स्वागत करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु गोल्डन टेंपल पहुंचे। मध्य प्रदेश के ग्वालियर में लोगों ने डांस, म्यूजिक और आतिशबाजी के साथ नए साल का जश्न मनाया। गुजरात के सूरत में आधी रात को लोगों ने सड़कों पर नए साल का जश्न मनाया।
वैश्विक ध्यान का केंद्र बनकर उभरा है : प्रधानमंत्री
प्रधानमंत्री मोदी ने ‘एक्स’ पर लिखा, सभी को 2026 की हार्दिक शुभकामनाएं! यह वर्ष आपके लिए अच्छा स्वास्थ्य और समृद्धि लेकर आए, आपके प्रयासों में सफलता और आपके सभी कार्यों में पूर्णता लाए। मेरी ईश्वर से प्रार्थना है कि समाज में शांति और खुशहाली बनी रहे। नए साल की पूर्व संध्या पर, प्रधानमंत्री ने एक संदेश में लिखा, 2025 को भारत के लिए एक ऐसे वर्ष के रूप में याद किया जाएगा जब उसने पिछले 11 वर्षों में हासिल की गई उपलब्धियों के आधार पर निरंतर राष्ट्रीय मिशन के रूप में सुधारों पर ध्यान केंद्रित किया। उन्होंने कहा, हमारे लोगों के नवाचार के उत्साह से प्रेरित होकर भारत वैश्विक ध्यान का केंद्र बनकर उभरा है।
भारत को आशा व विश्वास की दृष्टि से देखती है दुनिया : मोदी
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, दुनिया अब भारत को आशा और विश्वास की दृष्टि से देखती है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि 2025 में किए जाने वाले सुधारों का मुख्य उद्देश्य संस्थानों का आधुनिकीकरण करना, शासन व्यवस्था को सरल बनाना और दीर्घकालिक, समावेशी विकास की नींव को मजबूत करना है। जीएसटी सुधारों का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, 5 प्रतिशत और 18 प्रतिशत की दो-स्तरीय प्रणाली लागू की गई है और इससे परिवारों, लघु एवं मध्यम उद्यमों, किसानों और श्रम प्रधान क्षेत्रों पर बोझ कम हुआ है। इस सुधार का उद्देश्य विवादों को कम करना और बेहतर अनुपालन सुनिश्चित करना है। इससे उपभोक्ता भावना और मांग को बढ़ावा मिला है। इसके परिणामस्वरूप त्योहारी सीजन में बिक्री में वृद्धि देखी गई है।
राष्ट्रपति मुर्मू का पर्यावरण संरक्षण पर जोर
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने नव वर्ष के मौके पर देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा, नया साल सकारात्मक बदलावों के साथ आत्मचिंतन और नए संकल्पों का भी अवसर है। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को भी सुदृढ़ करने का आह्वान किया। राहुल गांधी ने कहा, आप सभी को नववर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं। नया साल आपके जीवन में ढेर सारी खुशियां, अच्छा स्वास्थ्य और सफलताएं लेकर आए। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि नया साल कमजोर वर्गों के अधिकारों काम का अधिकार, वोट का अधिकार और गरिमा के साथ जीवन जीने के अधिकार की रक्षा के लिए जन आंदोलन बने।
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