अब ईरान के खिलाफ युद्ध में अमेरिका इंग्लैंड से बरसाएगा मिसाइल और बम
US-Iran War Update News (द भारत ख़बर), लंदन : ईरान के खिलाफ चल रहे युद्ध में अमेरिका को अब ब्रिटेन ने अपने एयरबेस का प्रयोग करने की अनुमति दे दी है। इससे यह बात स्पष्ट हो गई है कि आने वाले दिनों में ईरान के लिए मुसिबतें और भी ज्यादा बढ़ जाएंगी। वहीं यह यूरोप के कुछ देश भी ईरान के खिलाफ युद्ध में अमेरिका के साथ आ गए हैं। इस तरह से ईरान इस लड़ाई में चौतरफा फंस रहा दिखाई दे रहा है।
इस संबंधी जानकारी देते हुए प्रधानमंत्री ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीएर स्टार्मर ने कहा कि ब्रिटेन, अमेरिका को अपने सैन्य ठिकानों (बेस) के इस्तेमाल की अनुमति देगा। इसका मकसद ईरान के मिसाइल खतरों का मुकाबला करना है। स्टार्मर ने साफ किया कि यह अनुमति केवल खास और सीमित बचाव के लिए दी गई है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि लंदन, ईरान के खिलाफ किसी भी तरह के सीधे हमले में शामिल नहीं हो रहा है।
अंतरराष्ट्रीय कानून के दायरे में लिया गया फैसला
उन्होंने जोर देकर कहा कि खतरे को रोकने का एकमात्र तरीका मिसाइलों को उनके ठिकानों या लॉन्चरों पर ही खत्म करना है। इसीलिए अमेरिका को ब्रिटिश बेस इस्तेमाल करने की इजाजत दी गई है। स्टार्मर ने कहा कि यह फैसला अंतरराष्ट्रीय कानून के दायरे में है और वे इराक युद्ध जैसी गलतियों से सबक ले चुके हैं। उनका मुख्य उद्देश्य ब्रिटिश नागरिकों की जान बचाना और हालात को और बिगड़ने से रोकना है।
ईरान बातचीत को तैयार लेकिन अब देर हो चुकी : ट्रंप
दूसरी तरफ अमेरिकी राष्टÑपति ने ईरान पर किए जा रहे हमलों के बीच कहा है कि नए ईरानी नेता बातचीत करना चाहते हैं। उनको पहले ही वार्ता करनी चाहिए थी। अब बहुत देर हो चुकी है। आगे ट्रंप ने कहा कि वार्ता में देरी कर वो चालाकी करना चाह रहे थे। लेकिन अगर वो बात करने के लिए तैयार हैं, तो हम भी वार्ता करने के लिए सहमत है। हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि ये बातचीत कब होगी।
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने ईरान के नौ नौसैनिक जहाजों को नष्ट कर समुद्र में डुबो दिया है, जिनमें कुछ बड़े और महत्वपूर्ण जहाज भी शामिल थे। उन्होंने यह भी दावा किया कि ईरान के नौसैनिक मुख्यालय को काफी हद तक तबाह कर दिया गया है और अब बाकी बेड़े को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान में अमेरिकी सैन्य अभियान तय समय से पहले आगे बढ़ रहा है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।
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