गोवा की रहने वाली हैं साध्वी सैल
Femina Miss India, (द भारत ख़बर), नई दिल्ली: साध्वी सतीश सैल का नाम इन दिनों काफी सुर्खियों में बना हुआ है। वजह है फेमिना मिस इंडिया का खिताब अपने नाम करना। भुवनेश्वर के कलिंगा इंस्टीट्यूट आॅफ इंडस्ट्रियल टेक्नोलॉजी में 61वें फेमिना मिस इंडिया का आयोजन हुआ था। इस इवेंट में देशभर से 30 कंटेस्टेंट शामिल थे। सभी को पीछे छोड़ते हुए साध्वी सैल ने इस खिताब को अपने नाम कर लिया है। 18 अप्रैल को विनर के तौर पर उनके नाम का ऐलान हुआ। साध्वी गोवा की रहने वाली हैं।
उनके पिता का नाम सतीश कृष्ण सैल है। वो कांग्रेस पार्टी में हैं और कर्नाटक की कारवार विधानसभा सीट से विधायक हैं। साध्वी सैल का नाम अब हर तरफ चर्चा में हैं। उन्होंने कॉन्फिडेंस और टैलेंट के दम पर इस प्रतियोगिता को अपने नाम कर लिया। मॉडलिंग में तो उन्होंने बड़ा मुकाम हासिल कर ही लिया है, लेकिन वो पढ़ाई लिखाई में भी कम नहीं हैं।

7 भाषाएं जानती हैं साध्वी
साध्वी सैल ने कनाडा से इकोनॉमिक्स और इंटरनेशनल रिलेशन में ग्रेजुएशन तक पढ़ाई की है। उनके बारे में ऐसा भी बताया जाता है कि वो अलग-अलग 7 भाषाएं जानती हैं। वो उन भाषाओं में लिख भी सकती हैं और बोल भी सकती हैं। मिस इंडिया के फानल राउंड में उनसे एक सवाल पूछा गया, जिसका जवाब देकर उन्होंने मिस इंडिया का ताज जीत लिया।
इस जवाब ने बनाया विनर
उनसे पूछा गया था कि इंस्टेंट फेम ज्यादा जरूरी है या लोगों पर असर डालना। इस सवाल के जवाब में साध्वी सैल ने कहा था कि उनके लिए इंस्टेंट फेम से ज्यादा जरूरी है लोगों के जिंदगी पर असर डालना। उन्होंने कहा था कि उनके लिए इस बात का महत्व है कि आप कितने लोगों की जिंदगी को छू पाते हैं और उनके चेहरे पर खुशी ला पाते हैं।
उन्होंने ये भी कहा था कि पॉपुलर होने से ज्यादा जरूरी उनके लिए दूसरे की मदद करना है। साध्वी सैल का ये जवाब वहां मौजूद हर किसी के दिल को छू गया और वो बन गईं फेमिना मिस इंडिया विनर। अब वो अगले साल होने वाले मिस वर्ल्ड प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी।
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