- विस्फोट में एक व्यक्ति की मौत
Punjab News, (द भारत ख़बर), चंडीगढ़: पंजाब के पटियाला जिले में हरियाणा के अंबाला जिले से सटे राजपुरा और शंभू रेलवे स्टेशनों के बीच रेलवे ट्रैक (डेडीकेटेड फ्रेट कॉरिडोर-डीएफसीसीआईएल) पर धमाका होने के बाद एजेंसियां अलर्ट हैं। अधिकारियों के मुताबिक यह आईडी ब्लास्ट हो सकता है। पुलिस ने मंगलवार को बताया कि सोमवार देर रात को शंभू शहर के पास दिल्ली-राजपुरा रेलवे ट्रैक पर कम तीव्रता वाले एक विस्फोट में एक व्यक्ति की मौत हो गई है।
फोरेंसिक टीमें भी जांच में जुटीं
पुलिस का मानना है, जिस व्यक्ति ने बम लगाने की कोशिश की थी, धमाका होने पर उसी की मौत हो गई। घटनास्थल के पास से उसका टुकड़ों में बंटा बुरी तरह से क्षत-विक्षत शव बरामद किया गया है। धमाके के तुरंत बाद डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल कुलदीप चहल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) वरुण शर्मा घटनास्थल पर पहुंचे। अधिकारी इस बात की जांच कर रहे हैं कि क्या यह किसी तोड़फोड़ की कोशिश थी या किसी बड़ी साज़िश का हिस्सा। फोरेंसिक टीमें अब धमाके की सही प्रकृति का पता लगाने के लिए काम कर रही हैं।
मार्ग पर रोकनी पड़ी ट्रेनों की आवाजाही
एक अधिकारी ने कहा, बरामद शव के शरीर और परिस्थितिजन्य सबूतों से पता चलता है कि आरोपी की मौत शायद बम लगाते समय ही हो गई होगी। अधिकारियों ने कहा कि जांच अभी बहुत शुरुआती चरण में है। उन्होंने बताया कि धमाके से रेलवे ट्रैक क्षतिग्रस्त हो गए, जिसके चलते भारतीय रेलवे को एहतियात के तौर पर इस मार्ग पर ट्रेनों की आवाजाही रोकनी पड़ी।
त्वरित कार्रवाई से अप्रिय घटना को टाल दिया गया
एसएसपी शर्मा ने कहा कि त्वरित कार्रवाई से किसी भी अप्रिय घटना को टाल दिया गया। उन्होंने कहा, इलाका सुरक्षित है, और घटना के लिए ज़िम्मेदार लोगों की पहचान करने के लिए जांच चल रही है। इस प्रयास में शामिल व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई और शव बरामद कर लिया गया है। किसी भी जान-माल के नुकसान की कोई खबर नहीं है।
गंभीर खुफिया विफलता : सुखबीर बादल
पूर्व उपमुख्यमंत्री और शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर बादल ने इस घटना की निंदा करते हुए कहा, यह एक गंभीर खुफिया विफलता थी, जिसके कारण शंभू के पास दिल्ली-राजपुरा रेलवे ट्रैक पर एक कायरतापूर्ण धमाके का प्रयास किया गया। उन्होंने X पर लिखा, यह साफ़ है कि कई दिन पहले एक खास खतरे की जानकारी मिलने के बावजूद कोई एहतियाती कदम नहीं उठाया गया।
यह पुलिस थानों और चौकियों पर कई धमाकों, और यहां तक कि राज्य के इंटेलिजेंस हेडक्वार्टर पर आरपीजी हमले के बाद हुआ है। शिअद अध्यक्ष बादल ने लिखा। पंजाब के मुख्यमंत्री गृह मंत्री भी हैं, उन्हें अपनी गहरी नींद से जागना चाहिए और ज़रूरी इंफ्रास्ट्रक्चर को सुरक्षित करने के लिए तुरंत कदम उठाने चाहिए। उनका लापरवाह रवैया पंजाब को फिर से उस पुराने बुरे दौर में धकेल रहा है, जो बिल्कुल भी मंज़ूर नहीं है।
ये भी पढ़ें : Punjab Crime News : 6.8 किलो हेरोइन के साथ नशा तस्कर काबू

