हरियाणा में मार्च की शुरुआत के साथ ही गर्मी ने दस्तक दे दी है, लेकिन अब मौसम करवट लेने जा रहा है। 4 मार्च की रात से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा, जिसका असर हरियाणा के मौसम पर साफ दिखाई देगा। मौसम विभाग के अनुसार राज्य में बादल छाए रहेंगे और उत्तरी जिलों में कहीं-कहीं हल्की बूंदाबांदी की संभावना बन रही है।
प्रदेश में पिछले कुछ दिनों से तापमान सामान्य से अधिक चल रहा है। अधिकतम तापमान अधिकांश जिलों में 30 डिग्री सेल्सियस को पार कर चुका है, जिससे दोपहर के समय तेज गर्मी का अहसास हो रहा है। सुबह और शाम के समय भी मौसम में ठंडक कम हो गई है। ऐसे में पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता लोगों को अस्थायी राहत दे सकती है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के कारण आसमान में बादलों की आवाजाही बढ़ेगी। खासकर अंबाला, पंचकूला, कुरुक्षेत्र और यमुनानगर जैसे उत्तरी जिलों में हल्की बूंदाबांदी की संभावना जताई गई है। हालांकि यह बारिश व्यापक नहीं होगी, लेकिन बादलों की मौजूदगी से दिन के तापमान में हल्की गिरावट देखी जा सकती है।
मार्च के पहले सप्ताह में तापमान में 2 से 5 डिग्री सेल्सियस तक और बढ़ोतरी की संभावना भी जताई गई है। यानी फिलहाल गर्मी से पूरी राहत की उम्मीद नहीं है। मौसम विभाग का अनुमान है कि पहले सप्ताह के बाद तापमान स्थिर हो सकता है और बहुत बड़े बदलाव की संभावना कम है।
इस समय प्रदेश में मौसम शुष्क बना हुआ है। दिन का तापमान 28.0°C से 32.7°C के बीच दर्ज किया जा रहा है, जबकि रात्रि का तापमान 11.0°C से 16.0°C के बीच बना हुआ है। रात के समय भी ठंडक लगभग खत्म हो चुकी है। कई जिलों में लोग गर्म कपड़े पहनना छोड़ चुके हैं और घरों में पंखे चलने लगे हैं।
मार्च की शुरुआत से ही रातें अपेक्षाकृत गर्म महसूस हो रही हैं। न्यूनतम तापमान 15 से 16 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहने से ठंडी हवाओं का असर कम हो गया है। दिन में तेज धूप के कारण बाजारों में दोपहर के समय चहल-पहल कम दिखाई देने लगी है।
कृषि क्षेत्र पर भी इस मौसम परिवर्तन का प्रभाव पड़ सकता है। गेहूं और सरसों की फसल इस समय दाने बनने की अवस्था में है। यदि तापमान तेजी से बढ़ता है तो फसल पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है, जबकि हल्की बूंदाबांदी से नमी का स्तर बेहतर बना रह सकता है।
मौसम विभाग ने फिलहाल किसी बड़े अलर्ट की घोषणा नहीं की है, लेकिन किसानों और आम नागरिकों को बदलते मौसम को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी गई है। विशेषकर जिन इलाकों में बादल छाए रहने और हल्की बारिश की संभावना है, वहां मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिल सकता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि मार्च के दूसरे सप्ताह तक गर्मी और तेज हो सकती है। ऐसे में लोगों को दिन के समय धूप से बचाव, पर्याप्त पानी पीने और हल्के कपड़े पहनने की सलाह दी जा रही है।
कुल मिलाकर 4 मार्च की रात से हरियाणा के मौसम में हल्का बदलाव देखने को मिलेगा। बादलों की आवाजाही और कहीं-कहीं बूंदाबांदी से अस्थायी राहत मिल सकती है, लेकिन गर्मी का असर अभी बरकरार रहेगा।

