अमेरिका-वेनेजुएला टकराव का पड़ा दोनों कीमती धातुओं पर सीधा असर
Gold Price Update (द भारत ख़बर), बिजनेस डेस्क : शनिवार को अमेरिका द्वारा वेनेजुएला पर की गई सैन्य कार्रवाई का असर जहां विश्व राजनीति पर पड़ना संभव है। वहीं इस वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव का असर सोमवार को सोने व चांदी की कीमतों में पड़ा। बाजार खुलते ही दोनों कीमती धातुओं में तेजी आई जोकि दिनभर रही। इस दौरान दिल्ली सर्राफा बाजार में सोने का भाव 960 रुपए बढ़कर 1,40,400 रुपए प्रति 10 ग्राम पहुंच गए। वहीं, चांदी की कीमतों में भी भारी उछाल देखने को मिला है। चांदी 2,600 रुपए की तेजी के साथ 2,44,000 रुपए प्रति किलोग्राम (सभी करों सहित) पर पहुंच गई, जो शुक्रवार को 2,41,400 रुपये प्रति किलोग्राम पर थी।
सोने-चांदी में तेजी के पीछे यह कारण बताया
बाजार से जुड़े विश्लेषकों का मानना है कि इस तेजी का मुख्य कारण लैटिन अमेरिका में बढ़ता तनाव है, जिसने निवेशकों को ‘सेफ-हेवन’ एसेट्स की ओर मोड़ दिया है। उनके अनुसार, वेनेजुएला के खिलाफ अमेरिका की सख्त कार्रवाई और लैटिन अमेरिका में अस्थिरता के जोखिम ने बुलियन की मांग को बढ़ा दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से कोलंबिया और मेक्सिको को लेकर दिए गए आक्रामक बयानों ने भी क्षेत्रीय अस्थिरता की आशंकाओं को जन्म दिया है, इससे सोने-चांदी जैसी पारंपरिक सुरक्षित संपत्तियों की मांग में इजाफा हुआ है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी इसका सीधा असर दिखा।
सेंसेक्स 322 व निफ्टी 78 अंक से ज्यादा गिरा
वैश्विक स्तर पर अशांति व अमेरिका द्वारा भारत पर टैरिफ दर बढ़ाने की चेतावनी से भारतीय शेयर बाजार में नकारात्मक माहौल रहा। इसके साथ ही अमेरिका और भारत के बीच व्यापार समझौते की अनिश्चित्ता ने भी इस नकारात्मकता को बढ़ा दिया। इसी के चलते सप्ताह के पहले कारोबारी दिन ही भारतीय शेयर बाजार में गिरावट दर्ज की गई। दिन का समय समाप्त होने के समय सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में ही गिरावट दर्ज की गई।
इस तरह हुआ पूरे दिन कारोबार
अमेरिकी चेतावनी के बीच, ब्लू-चिप एचडीएफसी बैंक, रिलायंस इंडस्ट्रीज और आईटी शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 322.39 अंक या 0.38 प्रतिशत गिरकर 85,439.62 अंक पर बंद हुआ। दिन के दौरान इसमें 446.68 अंक या 0.52 प्रतिशत की गिरावट आई और यह 85,315.33 पर पहुंच गया। वहीं 50 शेयरों वाला एनएसई निफ्टी 26,373.20 के रिकॉर्ड इंट्रा-डे उच्च स्तर को छूने के बाद, उस गति को बरकरार रखने में विफल रहा और 78.25 अंक या 0.30 प्रतिशत गिरकर 26,250.30 पर बंद हुआ। भारतीय डॉलर लगातार चौथे सत्र में कमजोर रहा और सोमवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 8 पैसे गिरकर 90.28 (अस्थायी) पर बंद हुआ।

