
राहुल बोले- छात्रों के इंसाफ की ये लड़ाई अब रोके न रुकेगी
Parliament Monsoon Session 2026, (द भारत ख़बर), नई दिल्ली: प्रधानमंत्री आवास के बाहर मंगलवार को प्रदर्शन पर बैठे कांग्रेस नेता राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, सपा प्रमुख अखिलेश यादव और कई अन्य नेताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। पुलिस सभी नेताओं को बस में बैठाकर प्रदर्शनस्थल से दूर लेकर गई।
डिटेन होने के बाद राहुल गांधी ने कहा, मोदी जी, हर जोर आजमा लो, सारी ताकत लगा लो, छात्रों के इंसाफ की ये लड़ाई अब रोके न रुकेगी। सभी नेताओं को छत्रसाल स्टेडियम में रखा गया। यहां से करीब 3 घंटे बाद रात 9.45 बजे सभी को रिहा कर दिया गया। प्रियंका को मंदिर मार्ग थाने ले जाया गया था। प्रियंका से मिलने सोनिया गांधी थाने पहुंची थी।
प्रधानमंत्री इस्तीफा दो, गुंडागर्दी नहीं चलेगी और छात्रों को न्याय दो जैसे नारे लगाए
राहुल गांधी ने कहा, गिरफ्तार करो, जेल में डालो, फर्क नहीं पड़ता, मोदी सरकार की सत्ता की ताकत से ज्यादा बड़ी हमारे सत्याग्रह की शक्ति है। हमारे बच्चों के साथ हुए अत्याचार का हिसाब तो देना ही होगा। कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस्तीफे की मांग करते हुए। 7 लोक कल्याण मार्ग के निकट धरना दिया और प्रधानमंत्री इस्तीफा दो, गुंडागर्दी नहीं चलेगी और छात्रों को न्याय दो जैसे नारे लगाए।
धरना शुरू होने के कुछ देर बाद पुलिस ने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और कई अन्य नेताओं को हिरासत में ले लिया। इससे पहले लोकसभा सदस्य चरणजीत सिंह चन्नी, सुखजिंदर सिंह रंधावा, शशिकांत सेंथिल और अन्य नेताओं को भी हिरासत में लिया गया।
जितेंद्र सिंह बोले- राहुल अपनी बात से मुकर गए
पीएम आवास के पास से हटाने के लिए केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह और गृह सचिव गोविंद मोहन पहुंचे थे। राहुल गांधी से करीब 20 मिनट बात की। इसके बाद जितेंद्र सिंह गृह मंत्री अमित शाह के पास गए। शाह से बातचीत के बाद उन्होंने फिर राहुल से बात की।
सोशल मीडिया पोस्ट में जितेंद्र सिंह ने बताया कि राहुल गांधी की मांग थी कि नीट पर संसद में चर्चा हो। राहुल की यह मांग मान ली गई थी। लेकिन राहुल अपनी बात से मुकर गए। वह बोले- अब हमारी दो मांगे हैं। पहली- नीट पर संसद में चर्चा, दूसरी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा।
