SBI Funds Management Listing : देश की प्रमुख म्यूचुअल फंड कंपनी SBI Funds Management के IPO के खरीदारों के लिए मंगलवार का दिन खुशखबरी लेकर आया। हालांकि, निवेशकों ने शेयर में बंपर प्रीमियम की उम्मीद की थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। कंपनी का शेयर NSE पर 6.85% प्रीमियम के साथ प्रति शेयर 613.30 रुपये पर लिस्ट हुए। वहीं, BSE पर कंपनी का शेयर 6.27% प्रीमियम के साथ प्रति शेयर 610 रुपये पर लिस्ट हुआ। कुल 9,812.91 करोड़ रुपये के इश्यू के लिए प्रति शेयर 545-574 का प्राइस बैंड रखा गया था। शेयरों की लिस्टिंग के बाद कंपनी का बाजार पूंजीकरण 1,24,246.48 करोड़ पहुंच गया।
कंपनी के शेयर बीएसई और एनएसई दोनों पर प्रीमियम के साथ लिस्ट हुए हैं, लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि अब हमें इस शेयर पर दांव लगाना चाहिए या नहीं।
मिल सकता है लंबी अवधि में बेहतर रिटर्न
लिस्टिंग भले ही औसत रही हो, लेकिन कंपनी की लंबी अवधि की निवेश स्टोरी मजबूत बनी हुई है। इसकी वजहें हैं- एसेट मैनेजमेंट इंडस्ट्री में कंपनी की लीडरशिप, SBI का मजबूत ब्रांड सपोर्ट, बड़ा डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क, स्केलेबल एसेट-लाइट बिजनेस मॉडल और दूसरी कंपनियों की तुलना में बेहतर वैल्यूएशन।
कीमत गिरे तब खरीदें
जिन निवेशकों को IPO में शेयर मिले हैं, वे लंबे समय के नजरिए से स्टॉक को अपने पास रख सकते हैं, जबकि नए निवेशक कीमत गिरने पर इसे खरीदने के बारे में सोच सकते हैं। शॉर्ट-टर्म ट्रेडर्स 585–590 रुपये के आसपास स्टॉप-लॉस रख सकते हैं। कुल मिलाकर, आउटलुक पॉजिटिव है और यह स्टॉक उन लॉन्ग-टर्म निवेशकों के लिए सही है, जो भारत में तेजी से बढ़ रही म्यूचुअल फंड इंडस्ट्री का फीयदा उठाना चाहते हैं। इससे पहले, कंपनी ने एंकर निवेशकों से 2,663 करोड़ रुपये जुटाए थे।
2.98 लाख करोड़ की बोलियां मिलीं
देश की प्रमुख म्यूचुअल फंड कंपनी SBI फंड्स मैनेजमेंट (SBI Funds Management IPO) को निवेशकों से जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली थी। SBI फंड्स मैनेजमेंट IPO को 2.98 लाख करोड़ रुपये की बोलियां मिलीं, क्योंकि ₹7,150 करोड़ के इश्यू को कुल मिलाकर 41.66 गुना सब्सक्राइब किया गया था। क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (QII) के लिए तय कोटा 140.11 गुना भरा और अकेले इसी हिस्से के लिए लगभग ₹2.50 लाख करोड़ की बोलियां आई थीं।

