फरीदाबाद: दिवाली की रात घर से बाहर निकलते समय थोड़ी सावधानी बरतना जरूरी है. कई बार रास्ते में चौराहों पर नींबू, सिंदूर, फूल, सूखी मिर्च और दूसरी चीजें पड़ी दिखाई देती हैं. मान्यता है कि दिवाली की रात कुछ लोग तांत्रिक क्रियाओं के लिए इन चीजों का इस्तेमाल करते हैं. ऐसे में लोगों के मन में सवाल उठता है कि अगर गलती से कोई व्यक्ति इन चीजों को लांघ जाए तो क्या उसके साथ कुछ अनहोनी हो सकती है. इससे बचने के लिए क्या करना चाहिए. इस बारे में फरीदाबाद के महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य ने कुछ जरूरी बातें बताई हैं.
दिवाली के दिन चौराहों पर करते हैं तांत्रिक क्रिया
लोकल18 से बातचीत में फरीदाबाद के महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य बताते हैं कि दिवाली और छोटी दिवाली के दिन कुछ लोग चौराहों पर नींबू, सिंदूर, फूल और सूखी मिर्च जैसी चीजें डालकर तांत्रिक क्रियाएं करते हैं. कई बार लोग रास्ते में चलते हुए अनजाने में इन चीजों को लांघ जाते हैं. ऐसे काम करने वालों को समझना चाहिए कि अपना कष्ट दूसरे व्यक्ति को कभी नहीं देना चाहिए. कष्ट को समाप्त करने का प्रयास करना चाहिए. किसी दूसरे को परेशानी में डालना सही नहीं है.
महंत कामेश्वरानंद बताते हैं कि दिवाली की रात लोगों को रास्ते में चलते समय सावधानी रखनी चाहिए. अगर कहीं चौराहे पर नींबू, फूल-पत्ती, सिंदूर या सूखी मिर्च पड़ी दिखाई दे तो उसे लांघने से बचें. ऐसी जगह से सावधानीपूर्वक निकलें. रास्ते में चलते समय मन में लगातार श्री राम जय राम जय जय राम मंत्र का उच्चारण करते रहें. भगवान राम का नाम सभी मुसीबतों और बाधाओं को दूर करने वाला है. राम नाम में बहुत शक्ति है. इसलिए किसी भी तरह की शंका होने पर भगवान का नाम लेना चाहिए.
लांघ जाएं तो करें ये काम
महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य बताते हैं कि अगर किसी व्यक्ति को लगता है कि वह गलती से ऐसी किसी चीज को लांघकर घर आया है तो उसे घबराने की जरूरत नहीं है. घर पहुंचकर सबसे पहले अपने हाथ-पैर अच्छी तरह धो लें. मन में ज्यादा शंका हो तो स्नान भी कर सकते हैं. इसके बाद घर में गंगाजल के छींटे दें. गंगाजल का विशेष महत्व है. इसके साथ ही भगवान राम के विजय मंत्र श्री राम जय राम जय जय राम का मन में उच्चारण करें. ऐसी स्थिति में हनुमान जी महाराज की कृपा प्राप्त करने के लिए उनके बाएं चरण का सिंदूर लेकर माथे पर तिलक लगाना चाहिए. हनुमान जी के चरणों का सिंदूर लगाने से व्यक्ति को उनका आशीर्वाद प्राप्त होता है. गंगाजल के छींटे देने और भगवान राम का नाम लेने से मन की शंका भी दूर होती है. हनुमान जी महाराज की कृपा और राम नाम की शक्ति से सभी बाधाएं समाप्त होती हैं.
ऐसी गतिविधियों से रहें दूर
महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य बताते हैं कि दिवाली की रात कुछ लोग उल्लू के नाखून और उसके पंख जैसी चीजों का इस्तेमाल तांत्रिक साधना में करते हैं. ऐसी गतिविधियां गलत हैं और लोगों को इनसे दूर रहना चाहिए. किसी भी जीव को नुकसान पहुंचाना उचित नहीं है. दिवाली का त्योहार खुशियों और पूजा-पाठ का है. इसलिए लोगों को इस दिन किसी को नुकसान पहुंचाने के बजाय भगवान की भक्ति करनी चाहिए. रास्ते में सावधानी रखें और मन में श्री राम जय राम जय जय राम का जाप करते रहें.