पटना. अपने दमदार खेल के दम पर भारतीय क्रिकेट टीम में जगह बनाने वाले दो तेज गेंदबाज आकाश दीप और मुकेश कुमार को बिहार सरकार द्वारा खेल कोटे के तहत डिप्टी सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस (DSP-Deputy Superintendent of Police) ) का पद दिया गया है. अब इससे जुड़ी हुई कुछ शर्ते राज्य सरकार की तरफ से सामने आई है. बिहार गृह विभाग की अधिसूचना में इस बात का जिक्र है कि दोनों खिलाड़ियों को 5 साल का बॉन्ड भरना होगा. इन दोनों को इस पद पर बने रहने के लिए सक्रिय क्रिकेटर के तौर पर प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेते रहना अनिवार्य होगा.
भारतीय क्रिकेटर को पुलिस विभाग में कोई पद दिया जाना उनकी खेल में किए गए योगदान के आधार पर तय होता है. महिला क्रिकेट टीम ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा, तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज, पूर्व क्रिकेटर हरभजन सिंह और जोगिंदर शर्मा भी अपने अपने राज्य में डीएसपी के पद पर हैं. बिहार सरकार ने यह साफ कर दिया है कि उनके राज्य को जिन खिलाड़ियों को भी इस पद पर रहना है, कुछ शर्तों को पूरा करना होगा.
बिहार सरकार के 2026 डायरेक्ट रिक्रूटमेंट ऑफ आउटस्टैंडिंग स्पोर्ट्सपर्सन रेगुलेशन के मुताबिक जो शर्तें रखी गई है वो जान लीजिए. इसके अनुसार जिन खिलाड़ियों को भी यह पद मिला है. उनको जॉइनिंग की तारीख से अगले पांच साल तक अपने अपने खेल में सक्रिय तौर से भाग लेना होगा. आकाश दीप और मुकेश कुमार को DSP की जिम्मेदारी संभालने के साथ ही अब घरेलू क्रिकेटर में लगातार खेलते रहना होगा. उनको भारतीय टीम अगर लगातार मौका नहीं मिल रहा तो बीसीसीआई और राज्य क्रिकेट बोर्ड की प्रतियोगिता के लिए उपलब्ध रहना होगा. अगर दोनों खिलाड़ी बिहार सरकार की शर्तों को पूरा नहीं करते तो ये पद छिन सकता है. अगर दोनों किसी कारण पूरी तरह क्रिकेट छोड़ देते हैं तो इसका असर उनकी सरकारी सेवा पर पड़ेगा. गौरतलब है कि उनकी सेवा को स्थायी किए जाने की प्रक्रिया पर इसका असर पड़ सकता है.
सरकारी सेवा में नियुक्त किए जाने के लिए कुछ शर्तों को पूरा करना होगा. बिहार सरकार की ‘मेडल लाओ, नौकरी पाओ’ नीति के तहत इंटरनेशनल लेवल पर देश और अपने राज्य का नाम आगे बढ़ाने वाले खिलाड़ियों को ही इन पदों पर रहना का मौका दिया जाएगा. बिहार सरकार ने इसी नीति के तहत सासाराम से आने वाले आकाश दीप और गोपालगंज के मुकेश कुमार को बिहार पुलिस में DSP के पद पर बहाली की है. इन दोनों की नियुक्ति उनकी क्रिकेट में हासिल की गई उपलब्धि के आधार पर सीधी की गई है.मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने दोनों क्रिकेटरों समेत अन्य खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र सौंपे थे.

