
एक करोड़ रुपए मुआवजे की मांग पर भी बनी सहमति, सभी केस वापस लिए जाएं,
CJP Protest Update, (द भारत ख़बर), नई दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी का आंदोलन आज खत्म हो गया। सीजेपी के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने कहा, आज हुई बातचीत में सरकार ने हमारी मांगें मान ली हैं। इनमें धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, सभी केस वापस लिए जाएं और नीट पीड़ितों को एक करोड़ रुपए का मुआवजा दिया जाए शामिल हैं। मांगों पर सहमति बनने के बाद केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, जितेंद्र सिंह के साथ प्रवक्ता सौरभ दास, आशुतोष रांका ने संयुक्त रूप से प्रेस कांफ्रेंस कर आंदोलन को खत्म करने का ऐलान किया।
सौरभ दास ने जंतर-मंतर पर मौजूद सभी प्रदर्शनकारियों से अपने घर लौटने की अपील की। इससे पहले शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की खबर आते ही जंतर-मंतर पर जश्न का माहौल है। छात्रों ने छात्र एकता जिंदाबाद के नारे लगाए। राष्ट्रगान गाया। इस दौरान नीट पेपर लीक के बाद जान गंवाने स्टूडेंट्स के लिए 2 मिनट का मौन रखा गया।
शिक्षा सुधार पर चर्चा के लिए चार हफ्ते बाद फिर बैठक होगी
प्रेस वार्ता के दौरान सौरव दास ने कहा, हमने सरकार के साथ एक ड्राफ्ट भी साझा किया है। इसे लिखित में मंगलवार तक देने का आश्वासन मिला है। एक करोड़ रुपए मुआवजे की मांग पर भी सहमति बनी है। यह राशि पीड़ित परिवारों को दी जाएगी। हमने सरकार के सामने पांच बिंदुओं का प्रस्ताव रखा है। शिक्षा सुधार पर चर्चा के लिए चार हफ्ते बाद फिर बैठक होगी। सरकार ने भरोसा दिलाया है कि NEET से जुड़े आत्महत्या के मामलों में पीड़ितों के परिवारों को सम्मानजनक मुआवजा दिया जाएगा।
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बोले- पार्टी धर्मेंद्र प्रधान के साथ मजबूती से खड़ी
वहीं, भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने कहा, केंद्रीय शिक्षा मंत्री के रूप में धर्मेंद्र प्रधान ने भारत की शिक्षा व्यवस्था में व्यापक बदलाव लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने ऐतिहासिक राष्ट्रीय शिक्षा नीति को सफलतापूर्वक लागू किया और शिक्षा क्षेत्र में कई अहम सुधारों का नेतृत्व किया। देशहित को सर्वोपरि रखते हुए उनका इस्तीफा सार्वजनिक जीवन में जवाबदेही, ईमानदारी और निस्वार्थ सेवा का सर्वोच्च उदाहरण है। पार्टी इस निर्णय में धर्मेंद्र प्रधान के साथ मजबूती से खड़ी है।
इस्तीफा मंजूर, अमित शाह और दिल्ली सीएम ने की धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात
धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मंजूर हो गया है। रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है इस इस्तीफे के बाद गृह मंत्री अमित शाह और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता भी प्रधान के घर उनसे मिलने पहुंची हैं। इसके अलावा, प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति ने निर्देश दिया है कि कैबिनेट मंत्री प्रह्लाद जोशी को उनके मौजूदा पोर्टफोलियो के अलावा, शिक्षा मंत्रालय का प्रभार भी सौंपा जाए।
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