सप्ताह के चौथे कारोबारी दिन शेयर बाजार में आया उछाल
Share Market Update (द भारत ख़बर), बिजनेस डेस्क : सप्ताह के पहले तीन कारोबारी दिन लाल निशान पर काम करने और करीब 1700 अंक लुढ़कने के बाद गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में आखिरकार तेजी का रुख लौट आया और यह हरे निशान पर बंद हुआ। जानकारों ने इस तेजी के पीछे वैश्विक कारण ट्रंप द्वारा ग्रीनलैंड व अन्य यूरोपीय देशों के खिलाफ नरम रवैया रखने, यूरोपीय बाजारों में तेजी और घरेलू निवेशकों की जबरदस्त खरीदारी को बताया है।
एशियाई बाजारों में, जापान का निक्केई 225 सूचकांक, शंघाई का एसएसई कंपोजिट सूचकांक, दक्षिण कोरिया का कोस्पी सूचकांक और हांगकांग का हैंग सेंग सूचकांक उच्च स्तर पर बंद हुए। सत्र के मध्य में हुए कारोबार में यूरोपीय बाजारों में तेजी देखी गई।
इस तरह रहा शेयर बाजार का हाल
30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 397.74 अंक या 0.49 प्रतिशत चढ़कर 82,307.37 पर बंद हुआ। दिन के दौरान, बेंचमार्क 873.55 अंक या 1.06 प्रतिशत बढ़कर 82,783.18 के अंतदेर्शीय उच्चतम स्तर पर पहुंच गया। वहीं 50 शेयरों वाला एनएसई निफ्टी 132.40 अंक या 0.53 प्रतिशत बढ़कर 25,289.90 पर पहुंच गया। इंट्राडे सत्र में, सूचकांक 278.25 अंक या 1.10 प्रतिशत बढ़कर 25,435.75 के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया।
गुरुवार को रुपया अपने सर्वकालिक निचले स्तर से मामूली रूप से उबरते हुए 3 पैसे बढ़कर 91.62 (अस्थायी) पर अमेरिकी डॉलर के मुकाबले बंद हुआ। सेंसेक्स के 30 घटकों में से भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड, टाटा स्टील, अदानी पोर्ट्स, स्टेट बैंक आॅफ इंडिया, बजाज फिनसर्व, एशियन पेंट्स, पावर ग्रिड, सन फार्मास्यूटिकल्स, कोटक महिंद्रा बैंक, इंडिगो, हिंदुस्तान यूनिलीवर, एचसीएल टेक्नोलॉजीज और एनटीपीसी लाभ कमाने वाले शेयर रहे।
ट्रंप के बयान का हुआ असर
बाजार के विशेषज्ञों का कहना है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा यूरोपीय संघ के खिलाफ टैरिफ की धमकियों को वापस लेने और भारत-अमेरिका व्यापार समझौते की संभावना पर उनकी आशावादी टिप्पणियों के बाद बाजार की भावना में सुधार हुआ, जिससे शॉर्ट-कवरिंग और जोखिम लेने को प्रोत्साहन मिला।इसके साथ ही निवेशकों ने मजबूत घरेलू मांग के माहौल से संभावित लाभ की संभावना से इनकार नहीं किया है, जो आगामी तिमाही आय घोषणाओं में अधिक स्पष्ट हो सकता है।

