Haryana News: हरियाणा के जींद जिले में फिरौती का एक हैरतअंगेज मामला सामने आया है। एक निजी अस्पताल के संचालक से एक करोड़ रुपये की फिरौती की मांग की गई थी। संचालक ने इसकी जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी 18 साल से कुछ ही बड़े हैं और उन्होंने कबूल किया कि पैसों के लालच में उन्होंने इस कांड को अंजाम दिया। यह मामला सामने आने के बाद पुलिस के साथ-साथ अभिवभावक भी चिंतित हैं।
डीएसपी ने दी यह जानकारी
मंगलवार को पत्रकार सम्मेलन में डीएसपी ऋषभ सोढ़ी ने बताया कि पुलिस ने निजी अस्पताल संचालक से एक करोड़ रुपये की फिरौती मांगने के आरोप में उत्तर प्रदेश के देवरिया निवासी सचिन और हिसार जिले के धरमखेड़ी गांव निवासी सौरभ को गिरफ्तार किया है। सचिन के खिलाफ उत्तर प्रदेश में आर्म्स एक्ट का एक मामला पहले से दर्ज है, जबकि सौरभ ने हाल ही में दसवीं पास की है और बीएससी नर्सिंग में दाखिले की तैयारी कर रहा था।
जान से मारने की दी धमकी
डीएसपी ने बताया कि दोनों आरोपियों की आपस में पहचान सोशल मीडिया के माध्यम से हुई थी। इसके बाद दोनों ने बिना मेहनत के पैसा कमाने की योजना बनाई और इसी योजना के तहत जींद के एक निजी अस्पताल संचालक के सहायक से संपर्क किया। दोनों ने एक करोड़ रुपये की फिरौती मांगी और रकम नहीं देने पर जान से मारने की धमकी दी। धमकी देने के लिए दोनों ने खुद को एक कुख्यात गैंगस्टर के गिरोह का सदस्य बताया।
परिजन ने ही पुलिस को सौंपा
फिरौती की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच आगे बढ़ी तो दोनों आरोपियों की पहचान सामने आई। पुलिस ने सचिन को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया, जबकि धरमखेड़ी निवासी सौरभ को उसके ही परिजनों ने पुलिस के हवाले कर दिया।
बच्चों पर नजर रखने की अपील
डीएसपी ऋषभ सोढ़ी ने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों पर विशेष नजर रखें। उन्होंने कहा कि बच्चों के सोशल मीडिया अकाउंट्स पर अभिभावकों की निगरानी बेहद जरूरी है। सोशल मीडिया के माध्यम से बच्चे गलत संगत में पड़कर अपराध की दुनिया में कदम न रखें, इसके लिए माता-पिता को बच्चों की गतिविधियों पर नजर रखनी चाहिए।


