नई दिल्ली. क्रिकेट की दुनिया पर दो दशक से भी ज्यादा समय तक राज करने वाले मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर का बड़ा राज सामने आया है. उन्होंने अपने इंटरनेशनल क्रिकेट से रिटायरमेंट के 13 साल के बाद एक तस्वीर शेयर की है. इसके साथ उन्होंने जो लिखा उसने क्रिकेट वर्ल्ड पर उनकी बादशाहत लंबे समय तक कायम रखने की योजना का खुलासा कर दिया.
सचिन तेंदुलकर की महानता सिर्फ उनके रिकॉर्ड और शतकों तक सीमित नहीं थी. इस महान खिलाड़ी के साथ खेलने वाले बताते हैं कि वो अपने बल्ले की पूजा किया करते थे. उन्होंने किट बैग को भगवान जैसा पूजा और इसी वजह से वो इतने महान खिलाड़ी बन पाए. क्रिकेट के भगवान का दर्जा हासिल करने वाले सचिन ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक तस्वीर साझा की है. उन्होंने इस फोटो को अपने चाहने वालों के साथ शेयर किया और साथ ही ये भी बताया कि कैसे वो अपने बल्ले को बच्चे की तरह प्यार करते थे. उन्होंने अपनी उस पुरानी तस्वीर को शेयर किया है जिसमें वो बल्ले को जमीन पर तौलिया बिछाकर आकार दे रहे थे.
A bat was never just a piece of equipment for me.
I knew how I wanted it to feel in my hands, down to the smallest detail. So I’d often bring out my carpentry kit and work on it myself, shaping and adjusting it until it felt right.
I suppose that’s why I remember those little… pic.twitter.com/gvCFx6jFgX
— Sachin Tendulkar (@sachin_rt) September 10, 2026
क्रिकेट के कोहिनूर कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर ने इस तस्वीर को शेयर करते हुए अपने दिल की बात लिखी. उन्होंने बताया कि बल्ला उनके लिए कभी भी सिर्फ खेलने का एक सामान बस नहीं था. वो अपने बैट को जान से भी ज्यादा प्यार किया करते थे. अपने हाथों से उसका ख्याल रखते थे.वह चाहते थे कि बल्ला उनके हाथों में बिल्कुल वैसा ही महसूस हो,जैसा वह चाहते हैं.
सचिन ने आगे लिखा कि वह अपने हर एक बल्ले का इस्तेमाल करने से पहले बहुत ज्यादा ध्यान रखते थे. वो उसकी छोटी से छोटी चीज को भी अपनी पसंद के मुताबिक रखते थे.यही वजह थी कि जब वो खाली समय पाते तो कई बार अपनी कारपेंटरी किट निकालकर खुद ही बल्ले पर काम किया करते थे. बल्लेबाजी के लिए मैदान पर लेकर उतरने से पहले वह बल्ले को आकार देते, उसमें जरूरी बदलाव करते और उसे तब तक एडजस्ट करते रहते.ये सब इसलिए करते थे जिससे उनके हाथ में जब बल्ला आए तो वो उसको लेकर सहज महसूस करें.

