
नई दिल्ली. सेंट्रल दिल्ली में एक दिल को दहला देने वाली भयावह घटना सामने आई. एक महज 6 साल की बच्ची के साथ दरिंदगी करने वाला आम लोगों के हत्थे चढ़ गया. सेंट्रल दिल्ली में छह साल की बच्ची से कथित तौर पर यौन उत्पीड़न करते रंगे हाथों पकड़े जाने के बाद 34 साल के व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया गया. लोगों ने उनको हैवानियत हरकत के लिए पहले जी भरकर पीटा और फिर पुलिस के हवाले कर दिया. पुलिस ने इस मामले को लेकर जांच तेज कर दी है. अधिकारियों ने इस घटना के बारे में बताया कि पुलिस की टीम घटना स्थल का निरीक्षण कर रही है. वहां से संभावित सबूत जुटाए जा रहे हैं. जांच का मुख्य उद्देश्य घटना के वास्तविक क्रम और उससे जुड़े तथ्यों को स्पष्ट करना है.
जानकारी के मुताबिक यह घटना सेंट्रल दिल्ली के किशनगंज इलाके की है. पुलिस ने घटना की जानकारी देते हुए बताया, शाम करीब 6:30 बजे लोगों का एक समूह नाबालिग बच्ची और उसके परिवार के साथ शिदीपुरा पुलिस चौकी पहुंचा. इस बात की जानकारी दी गई कि इस व्यक्ति को बच्ची का यौन उत्पीड़न करते हुए पकड़ा गया है. आरोपी की पहचान सेट्रल दिल्ली के किशनगंज स्थित बागरोजी बस्ती निवासी अंकित के रूप में हुई है. स्थानीय लोगों ने अंकित को पुलिस के हवाले कर दिया. इसके बाद उसे हिरासत में ले लिया. अधिकारियों ने बताया कि यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (POCSO) अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता (BNS) के संबंधित प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया जा रहा है.
पुलिस ने इस मामले पर बात करते हुए बताया कि घटनास्थल से उपलब्ध जानकारी और संभावित सबूतों को सुरक्षित किया जा रहा है. इसके साथ ही यह पता लगाने की कोशिश है कि जब यह घटना हुई तो उस समय वहां क्या परिस्थितियां थीं. इस घटना के घटित होने का क्रम क्या था. मामले की जांच कर रहे अधिकारियों ने बताया कि इस घटना को लेकर चल रही तफतीश सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर की जा रही है. जांच के दौरान बच्चे का बयान भी दर्ज किया जाएगा. पुलिस ने बताया कि कानून के प्रावधानों के अनुसार बच्चे और घटना के बारे में जानकारी रखने वाले अन्य लोगों के बयान लिए जाएंगे. इन बयानों के आधार पर पुलिस घटनाक्रम को समझने और मामले से जुड़े तथ्यों की पुष्टि करने का प्रयास करेगी.
घटना की जांच करने वाले अधिकारियों ने यह भी बताया कि मेडिकल जांच रिपोर्ट भी जांच का बेहद अहम हिस्सा होगी. मेडिकल रिपोर्ट से मिलने वाली जानकारी को अन्य सबूत और दर्ज किए गए बयानों के साथ मिलाकर देखा जाएगा. पुलिस का कहना है कि जब तक इस मामले में जांच पूरी नहीं हो जाती स्थिति साफ नहीं हो पाएगी. पुलिस ने यह भी साफ किया है कि फिलहाल इस मामले को लेकर जांच जारी है. घटनास्थल का निरीक्षण, प्रत्यक्ष या संबंधित लोगों के बयान और मेडिकल रिपोर्ट समेत उपलब्ध सभी सबूतों का अध्ययन किया जाएगा.
