Delhi News: दिल्ली पुलिस के एसीपी विवेक भगत की शिकायत पर संसद मार्ग थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। शिकायत में एक महिला स्वतंत्र पत्रकार, गजेंद्र सिंह और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के कुछ सदस्यों पर जातिसूचक टिप्पणी करने, सार्वजनिक रूप से अपमानित करने, सरकारी काम में बाधा डालने और सोशल मीडिया पर कथित तौर पर छवि खराब करने के आरोप लगाए गए हैं। यह एफआईआर मंगलवार को दर्ज की गई है। शिकायत के आधार पर आरोपियों पर एससी/एसटी एक्ट भी लगाया गया है।
सीजेपी प्रदर्शन के दौरान का मामला
शिकायत के मुताबिक, 3 अक्तूबर को सीजेपी के प्रदर्शन के दौरान एसीपी ड्यूटी पर थे। इसी दौरान बूटा सिंह गोल चक्कर के पास महिला स्वतंत्र पत्रकार ने कथित तौर पर एसीपी की जाति को लेकर अपमानजनक टिप्पणी की। पत्रकार ने उन्हें एसीपी बनाने जाने को लेकर भी सवाल उठाए।
‘यौन उत्पीड़न का लगाया आरोप’
शिकायत में कहा गया है कि शाम 3 बजे प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने और उन्हें हिरासत में लेने के दौरान महिला पत्रकार ने उन पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया। शाम में महिला पत्रकार और कुछ अन्य लोगों ने संसद मार्ग थाने के बाहर उनके खिलाफ नारे लगाए और प्रदर्शन किया है। शिकायत में कहा गया है कि उन्हें यौन दरिंदा तक कहा गया।
‘सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक वीडियो’
एसीपी ने शिकायत में कहा है कि स्वतंत्र पत्रकार ने उनपर लगाए गए आरोपों और प्रदर्शन से संबंधित वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट किए। शिकायत के मुताबिक इन पोस्ट से उन्हें मानसिक पीड़ा हुई और उनकी सामाजिक और पेशेवर प्रतिष्ठा को ठेस पहुंची।
इन लोगों पर हुई एफआईआर
- महिला स्वतंत्र पत्रकार
- गजेंद्र सिंह
- अभिजीत दीपके
- आशुतोष रांका
- सौरव दास
- रत्ना सिंह

