UP Bareilly News, (द भारत ख़बर), लखनऊ: आपने पुरुषों के खुद को सरकारी अधिकारी बताकर ठगी या धोखाधड़ी के मामले तो सुने या पढ़े होंगे लेकिन महिलाओं के ऐसे मामले शायद ही सुने या देखे होंगे। पर अब हकीकत में ऐसा मामला देखने को मिला है। उत्तर प्रदेश के बरेली में एक महिला ने खुद को भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) अधिकारी बताकर एक व्यक्ति से शादी कर ली और उसका पैसा व ज्वेलरी सब कुछ लूट लिया। हालांकि आरोपी महिला पुलिस के हत्थे चढ़ गई है।
फेसबुक पर दोस्ती के बाद हुई थी शादी : अभिषेक
आरोपी महिला साधना बदायूं जिले के बिल्सी थानांतर्गत संतौत पट्टी ईशा गांव की रहने वाले है और पीड़ित युवक अभिषेक फरीदपुर थानांतर्गत पचौमी गांव का निवासी है। पुलिस की जांच के मुताबिक अभिषेक ने कहा है कि फेसबुक पर दोस्ती के बाद उसकी साधना के साथ शादी हुई थी, लेकिन बाद में महिला के सब दावे झूठ निकले। उसने अभिषेक से लाखों के गहने हड़प लिए और चालीस लाख रुपए मांगे। अभिेषक ने जब इसका विरोध किया तो साधना ने उसकी हत्या की कोशिश की और उसे फर्जी केस में फंसाने की धमकी दी।
धीरे-धीरे फ्रेंडशिप प्रेम संबंध में बदल गई
पुलिस की जांच के अनुसार अभिषेक और साधना की दोस्ती फेसबुक के जरिये हुई और धीरे-धीरे उनकी यह फ्रेंडशिप प्रेम संबंध में बदल गई। अभिषेक का कहना है कि बातचीत के दौरान साधना अपने को आईएएस अफसर बताती थी और दावा करती थी केवल एक कोर्ट केस के कारण उसकी इस पद पर नियुक्ति रुकी हुई है। महिला ने दावा किया था फैसला आते ही वह ज्वाइन कर लेगी।
साधना के परिवार वालों ने भी झूठ बोला, फरवरी 2025 में शादी की
यहां तक साधना के परिवार वालों ने भी अभिषेक और उसके परिवार को भरोसा दिया था कि कोर्ट का मामला खत्म होते ही साधना की अप्वाइंटमेंट हो जाएगी। यही नहीं, उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि साधना अपने प्रभाव से अभिषेक को भी सरकारी जॉब दिलाने में सहायता करेगी। इन्हीं दावों पर भरोसा करके अभिषेक ने पिछले वर्ष सात फरवरी साधना से शादी कर ली। लेकिन इसके कुछ टाइम बाद ही साधना का रवैया बदलने लगा।
लगभग 15 तोला सोना व डेढ़ किलो चांदी अपने पास रख लिया था
एफआईआर के अनुसार, साधना ने कोर्ट केस व नियुक्ति की बात कहकर परिवार के गहने व कीमती सामान अपने पास रखना शुरू कर दिया। मां के गहने व अभिषेक की सोने की अंगूठी व चेन समेत लगभग 15 तोले सोना और डेढ़ किलो चांदी अपने पास रख लिए। इसके अलावा शादी में मिला अन्य कीमती सामान भी अपने पास रख लिया। साधना ने इसके बाद परिवार पर जमीन बेचकर अस्पताल बनवाने का दबाव बनाया।
सभी को बर्बाद करने की धमकी दी
फिर उसने 40 लाख रुपए की भी मांग की। परिवार ने इसका विरोध किया तो साधना ने कथित तौर पर खुद को आईएएस अफसर बताकर पति व उसके परिवार वालों को झूठे केसों में फंसाने व जेल पहुंचाने और सभी को बर्बाद करने की धमकी दी। अभिषेक का आरोप है कि इस वर्ष 12-13 मार्च की रात को साधना ने उसका गला दबाकर हत्या की कोशिश की। वह किसी तरह सेफ रहा और तुरंत डायल-112 पर इसकी सूचना दी। फिर गांव में पंचायत भी हुई जिस दौरान साधना ने जेवर अपने पास होने की बात मानी थी।
अभिषेक ने शिकायत में यह भी आरोप लगाया है कि साधना पहले भी कई लोगों से ठगी कर चुकी है। उसने 28 जून को फरीदपुर थाने में साधना व उसके भाई सूर्यप्रताप, पिता नरेंद्र पाल सिंह तथा रिश्तेदार राजेंद्र सिंह को भी आरोपी बनाया था। इसके बाद पुलिस ने साधन को गिरफ्तार कर लिया।

