Delhi News: केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने ‘रिजिम चेंज’ की बात करने वाले लोगों के खिलाफ बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि भारत में सत्ता परिवर्तन सिर्फ चुनाव के जरिए ही संभव है। उन्होंने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन और धरना-प्रदर्शन के बारे में कहा कि भारत में बांग्लादेश और फ्रांस जैसा माहौल बनाने की साजिश रची गई थी।
‘चुनाव से ही सत्ता परिवर्तन’
किरेन रिजिजू ने X पर पोस्ट में कहा, ”बांग्लादेश में हुई हिंसक घटना और फ्रांस में हुए दंगे, आगजनी और लूटपाट, भारत के लिए भी कुछ ऐसी ही साजिश रची गई थी। भारत-विरोधी गिरोहों और कुछ राजनेताओं ने मिलकर युवाओं को भड़काने और हमारी सड़कों पर हिंसा फैलाने की साजिश रची थी। लेकिन इस खतरनाक साजिश को रचने वाले यह भूल गए कि भारत न तो बांग्लादेश है और न ही फ्रांस। भारत में सत्ता परिवर्तन बिल्कुल संभव है, लेकिन केवल चुनावों के जरिए, सोरोस के जरिए नहीं।”
बांग्लादेश में हुई हिंसक घटना और फ्रांस में जो दंगे, आगजनी और लूटपाट हुईं, ठीक वैसी ही साजिश भारत के लिए भी रची गई थी। भारत-विरोधी गिरोहों और कुछ राजनेताओं ने मिलकर युवाओं को भड़काने और हमारी सड़कों पर हिंसा फैलाने की योजना बनाई थी। लेकिन इस खतरनाक साजिश रचने वाले भूल गए कि भारत न तो बांग्लादेश हैं और न ही फ्रांस।
भारत में सत्ता परिवर्तन बिल्कुल हो सकता है – लेकिन केवल चुनावों के जरिए, सोरोस के जरिए नहीं।
— Kiren Rijiju (@KirenRijiju) October 18, 2026
रिजिजू ने X पर किया पोस्ट
इससे पहले, रिजिम चेंज वाले बयान पर किरेन ने निशाना साधते हुए कहा एक पोस्ट में कहा, ”बड़े आए “Regime Change” करने वाले !! कान खोलकर सुन लो, भारत बांग्लादेश नहीं है!” रिजिजू ने भारतीय युवाओं को लेकर भी अपनी बात रखी और कहा कि देश के युवा भारत को बनाएंगे, उसे बर्बाद नहीं करेंगे। रिजिजू ने अपने पोस्ट में लिखा, ”भारतीय युवा मूर्ख नहीं हैं। वे भारत का निर्माण करेंगे, भारत को बर्बाद नहीं करेंगे। देश के सभी सच्चे युवा मेडल जीत रहे हैं, स्किलिंग, इनोवेशन, स्टार्टअप और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में आगे बढ़ रहे हैं और सांस्कृतिक आइकन बन रहे हैं।”
नेहा, प्रशांत ने दिया था बयान
किरेन रिजिजू का यह बयान ऐसे वक्त आया है, जब ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की अध्यक्ष नेहा बोरा, वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण और कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने ‘रिजीम चेंज’ को लेकर बयान दिए हैं। 14 अक्टूबर को सोशलिस्ट स्टूडेंट्स फ्रंट के छठे राष्ट्रीय सम्मेलन में नेहा बोरा ने बांग्लादेश के Gen-Z छात्र आंदोलन का जिक्र किया था।
नेहा बोरा ने क्या कहा था?
नेहा बोरा ने बीते दिनों बांग्लादेश के सोशलिस्ट स्टूडेंट्स फ्रंट के छठे राष्ट्रीय सम्मेलन के मौके पर अपना समर्थन जताया था। उन्होंने कहा कि भारत में युवा कार्यकर्ता बांग्लादेश में छात्रों के नेतृत्व वाले आंदोलनों से सीख रहे हैं। आंदोलन के आधिकारिक अकाउंट से शेयर किए गए वीडियो में उन्होंने कहा, ”हम जानते हैं कि Gen-Z आंदोलन जो आज देश भर में देखने को मिल रहा है, उसकी शुरुआत सबसे पहले बांग्लादेश में हुई थी। हमें रास्ता दिखाने के लिए और हमारे देश के युवाओं के साथ एकजुटता दिखाने के लिए आपको बधाई। हम जानते हैं कि बांग्लादेश में शुरू हुआ वह आंदोलन लोकतांत्रिक अधिकारों और मतदाताओं के अधिकारों के लिए था।”
प्रशांत भूषण का क्या था बयान?
AISA की नेहा बोरा और CJP के अभिजीत दिपके ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी। इस दौरान प्रशांत भूषण भी मौजूद थे। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रशांत भूषण ने कहा, ”हां, हम सत्ता परिवर्तन चाहते हैं।” उन्होंने यह भी कहा कि लोकतंत्र में सरकार के खिलाफ असंतोष फैलाना कोई अपराध नहीं हैप्रशांत भूषण ने कहा, ”सरकार का आरोप है कि विपक्ष सत्ता परिवर्तन चाहता है… हम अभी इस बात के लिए लड़ रहे हैं कि चुनाव ठीक से हों। लेकिन अगर इस तरह की बर्बरता जारी रही, तो निश्चित रूप से सत्ता परिवर्तन होगा। हां, हम सभी सत्ता परिवर्तन चाहते हैं।”उन्होंने कहा कि यह लड़ाई अब ‘वास्तव में सत्ता परिवर्तन के लिए’ है।

