Close Menu
    What's Hot

    हेल्थ डिपार्टमेंट की टीम ने फैक्ट्री में छापा मारा, 1,200 किलो..

    September 22, 2026

    Vande Mataram Row: वंदे मातरम् के सभी छह अंतरे गाने वाले नियम पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई, केंद्र से मांगा जवाब | National

    September 22, 2026

    गुरुग्राम में बिना नंबर प्लेट वाली एसयूवी जब्त, 46 हजार रुपये के 6 चालान नहीं भरे

    September 22, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    • Privacy Policy
    • About Us
    • Contact Us
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Latest Hindi News, Delhi News (दिल्ली न्यूज),  aaj ki taaja khabar, Today Breaking News, Trending
    • होम
    • बड़ी ख़बर

      Vande Mataram Row: वंदे मातरम् के सभी छह अंतरे गाने वाले नियम पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई, केंद्र से मांगा जवाब | National

      September 22, 2026

      SC on Cancer Medicines: कैंसर की 2700 रुपये की दवा पर 27000 MRP? सुप्रीम कोर्ट ने कहा- यह दिनदहाड़े डकैती | National

      September 22, 2026

      Sharjeel Imam News: शरजील इमाम को मिली 7 दिन की अंतरिम जमानत, चचेरे भाइयों की शादी में होगा शामिल | Delhi

      September 22, 2026

      Krishna Mukerji Dies: बॉलीवुड एक्ट्रेस रानी मुखर्जी की मां का निधन, 75 साल की उम्र में ली आखिरी सांस | National

      September 22, 2026

      सांबा रेलवे स्टेशन पर जम्मूतवी-कोलकाता एक्सप्रेस पर पथराव, यात्रियों को लगा गोलीबारी हुई

      September 22, 2026
    • दुनिया
    • भारत
    • राजनीति
    • राज्य
    • खेल
    • टेक
    • मनोरंजन
    Tuesday, September 22
    SUBSCRIBE
    Latest Hindi News, Delhi News (दिल्ली न्यूज),  aaj ki taaja khabar, Today Breaking News, Trending
    Home»पंजाब»नीति आयोग की रैंकिंग में पंजाब ने केरल को पछाड़ा; शिक्षा मंत्री ने विधानसभा में 4 सालों का रिपोर्ट कार्ड पेश किया
    पंजाब

    नीति आयोग की रैंकिंग में पंजाब ने केरल को पछाड़ा; शिक्षा मंत्री ने विधानसभा में 4 सालों का रिपोर्ट कार्ड पेश किया

    श्वेता चौहानBy श्वेता चौहानAugust 7, 2026No Comments6 Mins Read
    Facebook Twitter WhatsApp Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram Copy Link
    Share
    Facebook Twitter WhatsApp LinkedIn Pinterest Email Copy Link


    • वर्ष 2022 में बिना चारदीवारी और फर्श पर बैठकर पढ़ने को मजबूर थे 4 लाख विद्यार्थी, परंतु आज देश भर में स्कूली शिक्षा में अग्रणी बनकर उभरा पंजाब: बैंस
    • •19,125 स्कूलों के बुनियादी ढांचे को सुधारने के लिए 2638 करोड़ रुपये खर्च किए गए

    चंडीगढ़: प्रदेश में शिक्षा में ऐतिहासिक बदलाव का दावा करते हुए पंजाब के शिक्षा मंत्री स. हरजोत सिंह बैंस ने आज कहा कि पंजाब ने केरल को पछाड़कर ‘नीति आयोग स्कूल एजुकेशन क्वालिटी इंडेक्स 2026’ में शीर्ष स्थान हासिल किया है। जहां वर्ष 2022 में 8,000 स्कूलों में चारदीवारी नहीं थी और लगभग 4 लाख विद्यार्थी ताटों (चटाइयों) पर बैठकर पढ़ने को मजबूर थे, वहीं आज पंजाब के सरकारी स्कूलों के 882 विद्यार्थियों ने नीट परीक्षा पास की है और पंजाब पहली से 12वीं कक्षा तक ‘आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस’ को मुख्य विषय के रूप में शुरू करने वाला देश का पहला राज्य बन गया है। यह वह बदलाव है जिसका वादा आप की अगुवाई वाली पंजाब सरकार ने किया था।

    विधायक प्रो. जसवंत सिंह गज्जनमाजरा द्वारा लाए गए शिक्षा संबंधी प्रस्ताव पर बहस में भाग लेते हुए, स्कूल शिक्षा मंत्री स. हरजोत सिंह बैंस ने जुलाई 2022 में पदभार संभालने के समय स्कूलों की खराब स्थिति को याद करवाया।

    बुनियादी ढांचे के प्रारंभिक सर्वेक्षण के नतीजों के बारे में बताते हुए स. बैंस ने कहा कि 8,000 से अधिक स्कूलों में चारदीवारी नहीं थी, 3,200 में उपयोग योग्य बाथरूम नहीं थे और लगभग 4 लाख बच्चे जमीन पर बैठने को मजबूर थे। पाठ्यपुस्तकें अक्टूबर-नवंबर में स्कूलों तक पहुंचती थीं, जिससे शैक्षणिक सत्र के कई महीने बर्बाद हो जाते थे।

    किसी भी सरकारी शिक्षक से इसकी पुष्टि करने की चुनौती देते हुए उन्होंने आगे कहा, “अब वही पाठ्यपुस्तकें 15 फरवरी तक जिला मुख्यालयों तक पहुंच जाती हैं और 31 मार्च तक वितरित कर दी जाती हैं।”

    अपने शासन मॉडल के बारे में बताते हुए स. बैंस ने कहा कि उन्होंने पंजाब के हर जिले के 2,000 से अधिक सरकारी स्कूलों का निजी तौर पर दौरा किया है, जिनमें सीमावर्ती स्कूल, जीरो-लाइन से सटे गांव और दूर-दराज के क्षेत्र शामिल हैं।

    उन्होंने सदन को बताया कि सरकार का प्रमुख ‘मिशन समरथ’ भारत के सबसे बड़े बुनियादी शिक्षा कार्यक्रमों में से एक के रूप में उभरा है। इसके लेवल बेस्ड टीचिंग मॉडल के तहत, हर बच्चे को अच्छी तरह पढ़ना, लिखना और गणित सिखाना सुनिश्चित करने के लिए विद्यार्थियों को ग्रेड के बजाय उनकी सीखने की क्षमता के अनुसार समूहों में बांटा जाता है।

    स. हरजोत बैंस ने कहा, “जब मैंने सितंबर-अक्टूबर 2022 में स्कूलों का दौरा किया, तो मैंने 8वीं कक्षा के ऐसे विद्यार्थी भी देखे जो सामान्य वाक्य भी नहीं लिख सकते थे। कुछ विद्यार्थी सामान्य जोड़ और घटाव नहीं कर सकते थे। हमने इन विद्यार्थियों की पहचान की और इन्हें तीसरी कक्षा के सिलेबस के स्तर से पढ़ाया। आज वे बहुत सुधार कर रहे हैं।” उन्होंने आगे बताया कि इस कार्यक्रम के तहत अब सालाना लगभग 12 लाख विद्यार्थियों और 70,000 से अधिक शिक्षकों को कवर किया जाता है।

    सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों के प्रदर्शन में हुए सुधार के बारे में स. हरजोत बैंस ने सदन को बताया कि पंजाब के सरकारी स्कूलों से नीट-यू.जी. परीक्षा पास करने वालों की संख्या वर्ष 2021 में मात्र 80 से बढ़कर वर्ष 2026 में 882 हो गई है। उन्होंने कहा कि ये नतीजे ‘पंजाब अकादमिक कोचिंग फॉर एक्सीलेंस’ (पेस) पहल का स्पष्ट परिणाम हैं।

    उन्होंने आगे कहा, “पंजाब सरकार की शिक्षा क्रांति ने विद्यार्थियों के लिए उम्मीद की नई किरण जगाई है।” स. बैंस ने आगे कहा कि मजीठा में सरकारी स्कूलों के छह विद्यार्थियों और दीनानगर में 17 विद्यार्थियों ने नीट परीक्षा पास की है। ये कोई प्राइवेट कोचिंग के आंकड़े नहीं, बल्कि हमारे सरकारी स्कूलों की महत्वपूर्ण उपलब्धियां हैं।

    उन्होंने एक साधारण परिवार से संबंधित लड़की हरनूरप्रीत कौर का विशेष जिक्र किया, जिसने अपनी श्रेणी में ऑल इंडिया रैंक 3140 हासिल की, जो आज के सरकारी स्कूलों की काबिलियत को दर्शाता है।

    विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने पलटवार किया, “अगर आप चाहते हैं तो मुझे व्यक्तिगत तौर पर निशाना बनाएं। सरकारी स्कूलों को क्यों निशाना बना रहे हो? कुछ नकारात्मक सोच वाले लोगों द्वारा गढ़े गए झूठे प्रचार ने लोगों को पहले ही सरकारी स्कूलों से दूर कर दिया है।”

    सरकारी स्कूलों में घटती दाखिला दर से संबंधित सवालों का जवाब देते हुए स. बैंस ने कहा कि यह रुझान सिर्फ पंजाब तक ही सीमित नहीं था, बल्कि कोविड के बाद देश भर में देखा गया है।

    उन्होंने आगे कहा, “ऑल इंडिया आंकड़ों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों के दाखिले की संख्या 1.76 करोड़ तक घटी है। कोविड के दौरान, सरकारी स्कूलों में दाखिला वास्तव में बढ़ा था। परंतु उसके बाद, हर जगह यह संख्या घटी है।”

    उदाहरण देते हुए स. बैंस ने कहा कि बिहार में 2.49 करोड़ विद्यार्थी थे, जो पहले घटकर 2.13 करोड़ रह गए और इस साल यह और घटकर 1.95 करोड़ रहने का अनुमान है। इसी तरह उत्तर प्रदेश में, यह संख्या पहले 4.44 करोड़ से घटकर 4.16 करोड़ हो गई है, जो इस साल 4.1 करोड़ रहने का अनुमान है। इसके अलावा महाराष्ट्र में यह संख्या 2.32 करोड़ से घटकर 2.13 करोड़ रह गई।

    स. बैंस ने कहा, “उन्होंने भारत सरकार की 2023 में शुरू की गई अपार आई.डी. पहल का भी हवाला दिया। ‘अब हर विद्यार्थी के पास एक अनोखी आई.डी. है। पहले एक बच्चा छह स्कूलों में दाखिल होता था परंतु किसी में भी नहीं पढ़ रहा था। इसी कारण अब ये आंकड़े सही हो रहे हैं।’”

    शिक्षा मंत्री ने विस्तार से बताया कि 19,125 सरकारी स्कूलों में 2,638 करोड़ रुपये के बुनियादी ढांचे के काम किए गए हैं। इस साल विश्व बैंक से और सुधारों के लिए 1,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त मंजूरी ली गई है।

    हरजोत बैंस ने कई ‘स्कूल ऑफ एमिनेंस’ की सूची दी, जिनका पूरी तरह कायाकल्प किया गया है। उन्होंने लुधियाना के शहीद सुखदेव थापर के नाम पर बने स्कूल ऑफ एमिनेंस का हवाला दिया, जिसके बारे में उन्होंने कहा कि कभी इसे पूरी तरह उपेक्षित कर दिया गया था। उन्होंने कहा, “आज इस स्कूल को विश्व स्तरीय बनाने के लिए 18 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इस साल स्कूल के 17 विद्यार्थी नीट परीक्षा भी पास कर चुके हैं।”

    उन्होंने आगे कहा कि भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार सरकारी स्कूलों को आखिरी विकल्प से पहली पसंद में बदल रही है। हम यहीं नहीं रुक रहे। हम हर साल और ऊंचे लक्ष्य निर्धारित कर रहे हैं।

    बैंस ने कहा, “शिक्षकों को अब सरकारी स्कूल चलाने के लिए फंड मांगने की जरूरत नहीं। हमने स्कूलों के लिए आवश्यक फंड मुहैया करवाए हैं, पिछली सरकारों की तरह नहीं जब शिक्षकों को फंड मांगने जाना पड़ता था। अपमान का दौर अब खत्म हो गया है।

    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
    Previous Articleपंजाब में आईएसआई समर्थित दो आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़, चार नाबालिगों समेत 9 लोग गिरफ्तार
    Next Article Ind vs SL Test Series: शुभमन गिल चोटिल, राहुल ने संभाली कप्तानी, श्रीलंका के खिलाफ प्रैक्टिस मैच से पहले भारत को झटका | Sports
    श्वेता चौहान

      मिलती जुलती ख़बरें

      हेल्थ डिपार्टमेंट की टीम ने फैक्ट्री में छापा मारा, 1,200 किलो..

      September 22, 2026

      Punjab News: फरीदकोट जिले में 23 सितंबर को स्थानीय छुट्टी

      September 22, 2026

      चोरी और झपटे गए 120 मोबाइल फोन बरामद, असली…

      September 22, 2026

      2027 की लड़ाई के लिए यूथ कांग्रेस को अभी से मैदान में…

      September 22, 2026

      बलतेज पन्नू बोले- अमरजीत सिंह चावला पर लगे गंभीर आरोपों पर सुखबीर बादल अभी तक चुप क्यों हैं? 

      September 22, 2026

      रवनीत सिंह बिट्टू, प्रताप बाजवा

      September 22, 2026
      Add A Comment
      Leave A Reply Cancel Reply

      ताज़ा खबर

      हेल्थ डिपार्टमेंट की टीम ने फैक्ट्री में छापा मारा, 1,200 किलो..

      By श्वेता चौहानSeptember 22, 2026

      Punjab News: हेल्थ डिपार्टमेंट की एक टीम ने डेरा बस्सी के सुंद्रन गांव में पनीर…

      Vande Mataram Row: वंदे मातरम् के सभी छह अंतरे गाने वाले नियम पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई, केंद्र से मांगा जवाब | National

      September 22, 2026

      गुरुग्राम में बिना नंबर प्लेट वाली एसयूवी जब्त, 46 हजार रुपये के 6 चालान नहीं भरे

      September 22, 2026
      चर्चित ख़बरें

      देशवासियों को आज एक और झटका, रसोई गैस हुई महँगी

      दिल्ली की दिनभर की 10 बड़ी ख़बरें, रोज़ पढ़ें और अपडेट रहें

      मेहनत कर बन्दे, तू मेहनत से क्या कुछ नहीं पायेगा

      Subscribe to News

      Get the latest sports news from NewsSite about world, sports and politics.

      Advertisement

      TBK Media Private Limted

      Facebook X (Twitter) Pinterest Vimeo WhatsApp TikTok Instagram
      • Editorial Team
      • Corrections Policy
      • Ethics Policy
      • Fact-Checking Policy
      • List ItemOwnership & Funding Information
      • Disclaimer
      • Sitemap
      © 2026 TBK Media Private Limited. Designed by Parmod Risalia.
      • About Us
      • Contact Us
      • Privacy Policy

      Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.