त्योहारी सीजन में रसोई का बजट कंट्रोल में रखने के लिए केंद्र सरकार ने अहम कदम उठाया है। खाद्य तेल की कीमतें घटाने के लिए सरकार ने बुधवार देर रात एक नोटिफिकेशन जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि पाम ऑयल, सोया ऑयल और सूरजमुखी के तेल समेत कच्चे और रिफाइंड खाने वाले तेलों पर बेसिक इंपोर्ट ड्यूटी कम कर दी है।
त्योहारों में बढ़ेगी खपत
भारत में पिछले एक साल में वनस्पति तेल की कीमतें लगभग 20% बढ़ी हैं। उम्मीद है कि ड्यूटी में कटौती से कीमतें कम होंगी और सितंबर से नवंबर के बीच आने वाले बड़े धार्मिक त्योहारों के दौरान खपत बढ़ेगी, क्योंकि इस दौरान मिठाइयां, स्नैक्स और तली-भुनी चीजें खूब खाई जाती हैं। ट्रेडर्स का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की बढ़ती मांग से बेंचमार्क मलेशियाई पाम ऑयल और US सोया ऑयल फ्यूचर्स को सपोर्ट मिलेगा।
क्रूड, रिफाइंड ऑयल पर ड्यूटी घटी
नोटिफिकेशन के मुताबिक, क्रूड पाम ऑयल और क्रूड सोया ऑयल पर बेसिक इम्पोर्ट ड्यूटी 10% से घटाकर 5% कर दी गई है, जबकि रिफाइंड पाम ऑयल और रिफाइंड सोया ऑयल पर ड्यूटी 32.5% से घटाकर 27.5% कर दी गई है।
सनफ्लावर ऑयल पर भी ड्यूटी घटी
इसमें कहा गया है कि क्रूड सनफ्लावर ऑयल पर इम्पोर्ट ड्यूटी 10% से घटाकर ज़ीरो कर दी गई है, जबकि रिफाइंड सनफ्लावर ऑयल पर ड्यूटी 32.5% से घटाकर 22.5% कर दी गई है। बेसिक कस्टम्स ड्यूटी के अलावा, भारत में इम्पोर्ट किए जाने वाले खाने के तेल पर एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर एंड डेवलपमेंट सेस और सोशल वेलफेयर सरचार्ज भी लगता है। कच्चे पाम ऑयल और कच्चे सोया ऑयल पर कुल इंपोर्ट ड्यूटी 16.5% से घटकर 11% हो जाएगी, जबकि कच्चे सूरजमुखी तेल पर ड्यूटी 16.5% से घटकर 5.5% हो जाएगी।
ट्रेडर्स बढ़ाएंगे इंपोर्ट
वेजिटेबल ऑयल ब्रोकरेज कंपनी ‘सनविन ग्रुप’ के चीफ एग्जीक्यूटिव, मुंबई के संदीप बजोरिया ने कहा, ”इंपोर्ट ड्यूटी में कटौती की उम्मीद में रिफाइनरों ने खरीदारी रोक दी थी, लेकिन अब वे त्योहारी सीज़न की मांग को पूरा करने के लिए इंपोर्ट बढ़ाएंगे।”

