कहा- मुस्लिम बहनों के अधिकारों की रक्षा भी जरूरी
CM Mohan Yadav, (द भारत ख़बर), कटनी: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि एक देश, एक विधान, एक प्रधान और एक निशान होना चाहिए। उन्होंने कहा, विधानसभा के मानसून सत्र में समान नागरिक संहिता लाएंगे। अब मध्यप्रदेश में वही रह पाएगा जो एक ही शादी करेगा। मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को यह ऐलान कटनी में किया।
मुख्यमंत्री ने कहा, हिंदुओं और मुसलमानों के लिए अलग-अलग कानून क्यों हों? सबके लिए एक ही कानून होना चाहिए। अगर राम एक शादी करेगा तो रहीम दो या चार शादियां क्यों करेगा? मुस्लिम बहनें भी हमारी बहनें हैं और उनके अधिकारों की रक्षा जरूरी है।
तीन तलाक का दौर खत्म हो चुका
सीएम बोले, तीन तलाक का दौर खत्म हो चुका है। अगर कोई तलाक, तलाक, तलाक कहेगा तो उसे जेल जाना पड़ेगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि भोपाल के जगदीशपुर में होने वाली अगली कैबिनेट बैठक में यूसीसी विधेयक के मसौदे को मंजूरी दी जाएगी। इसके बाद सरकार इसे विधानसभा के आगामी मानसून सत्र में पेश करेगी। उन्होंने कहा कि इस कानून का उद्देश्य सभी नागरिकों के लिए समान व्यवस्था लागू करना और भेदभाव खत्म करना है।
उत्तराखंड, गुजरात और असम में यूसीसी लागू
अभी देश के तीन राज्य उत्तराखंड, गुजरात और असम में ही यूसीसी लागू है। उत्तराखंड ने सबसे पहले 2024 में इसे लागू किया था। इसी साल पहले गुजरात फिर असम ने इसे लागू किया। पश्चिम बंगाल में शुभेंदु अधिकारी और बिहार में सम्राट चौधरी ने सीएम बनते ही यूसीसी लागू करने की बात कही थी। अब मध्यप्रदेश के सीएम मोहन यादव ने भी इसी मानसून सत्र में इसे लागू करने का ऐलान कर दिया है।
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