एक दिन पहले ही आरबीआई ने बैंक का लाइसेंस तुरंत प्रभाव से किया था रद
Paytm Payments Bank (द भारत ख़बर), बिजनेस डेस्क : शुक्रवार को रिजर्व बैंक आॅफ इंडिया (आरबीआई) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए पेटीएम पेमेंट्स बैंक लिमिटेड (पीपीबीएल) का लाइसेंस तुरंत प्रभाव से रद करने के आदेश जारी किए थे। आरबीआई ने अपनी इस कार्रवाई के पीछे बैंक प्रबंधन की गलत नीतियों को जिम्मेदार ठहराया था।
हालांकि एक दिन बाद ही बैंक प्रबंधन ने इसपर अपना रवैया स्पष्ट करते हुए कहा है कि पेटीएम पेमेंट्स बैंक लिमिटेड (पीपीबीएल) पर भारतीय रिजर्व बैंक की कार्रवाई का कंपनी के कारोबार या वित्तीय स्थिति पर कोई असर नहीं पड़ा है। कंपनी ने स्पष्ट किया कि उसका पेमेंट्स बैंक के साथ कोई बड़ा कारोबारी समझौता या वित्तीय जोखिम नहीं है।
इसलिए रद किया था लाईसेंस
दरअसल, भारतीय रिजर्व बैंक ने शुक्रवार को पेटीएम पेमेंट्स बैंक का बैंकिंग लाइसेंस रद्द कर दिया है। आरबीआई ने एक बयान में कहा कि बैंक के कामकाज में बैंक और उसके जमाकर्ताओं के हितों को नुकसान पहुंचाने वाले तरीके अपनाए जाने के कारण लाइसेंस रद्द किया गया है। कंपनी ने नियामकीय फाइलिंग में बताया कि पीपीबीएल पूरी तरह स्वतंत्र रूप से काम करता है और पेटीएम का उसके बोर्ड या प्रबंधन में कोई दखल नहीं है। कंपनी ने कहा कि 1 मार्च 2024 को भी यह जानकारी दी गई थी कि उसका ढढइछ में कोई एक्सपोजर नहीं है और न ही कोई महत्वपूर्ण बिजनेस व्यवस्था है।
बिना रुकावट जारी रहेंगी सभी सेवाएं
पेटीएम ने यह भी कहा कि उसके किसी भी सर्विस का संचालन पीपीबीएल के साथ साझेदारी में नहीं हो रहा है। कंपनी के अनुसार, उसने 31 मार्च 2024 को ही अपने निवेश का मूल्यह्रास (इम्पेयरमेंट) कर दिया था, इसलिए मौजूदा कार्रवाई का उस पर कोई सीधा वित्तीय असर नहीं है। कंपनी ने भरोसा दिलाया कि उसकी सभी सेवाएं पहले की तरह बिना रुकावट जारी हैं। इनमें पेटीएम एप, पेटीएम यूपीआई, पेटीएम गोल्ड, पेटीएम क्यूआर, पेटीएम साउंडबॉक्स, पेटीएम कार्ड मशीनें, पेटीएम पेमेंट गेटवे और पेटीएम मनी जैसी सेवाएं शामिल हैं। कंपनी ने जोर देकर कहा कि आरबीआई की कार्रवाई केवल पीपीबीएल से जुड़ा मामला है और इसे पेटीएम से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।
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