मौसम विभाग ने आज के लिए जारी किया लू का येलो अलर्ट
Delhi Weather Update (द भारत ख़बर), नई दिल्ली : अप्रैल जैसे-जैसे बीत रहा है वैसे-वैसे गर्मी भी अपने तेवर पूरी तरह से दिखा रही है। हालांकि इस साल अप्रैल का पहला पखवाड़ा पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के चलते पूरी राहत लेकर आया। लेकिन जैसे ही पश्चिमी विक्षोभ का असर कम हुआ गर्मी ने अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए। वर्तमान में हालात यह हैं कि राजधानी दिल्ली में रिकॉर्ड तोड़ गर्मी पड़ रही है। एक तरफ जहां पूरा दिन कड़कती धूप का सामना लोग कर रहे हैं तो वहीं लू के थपेड़ों ने भी बेहाल कर दिया है।
इस तरह रहा शुक्रवार को तापमान
शुक्रवार को दिल्ली में तापमान तीन साल का रिकॉर्ड तोड़ते हुए 41.9 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो कि सामान्य से 4.2 डिग्री अधिक है। इससे पहले वर्ष 2022 अप्रैल में तीन दिन तापमान 42 डिग्री से अधिक और तीन दिन 43 डिग्री से अधिक दर्ज हुआ था। इस तरह से शुक्रवार को इस सीजन का सबसे गर्म दिन भी रहा। दिन के साथ-साथ रात भी गर्म रही, इस कारण से न्यूनतम तापमान सामान्य से 1.8 डिग्री अधिक 24.5 डिग्री सेल्यिस दर्ज किया गया।
आज भी लू करेगी लोगों को परेशान
इससे पहले गुरुवार (23 अप्रैल 2026) को भी 41.7 डिग्री तापमान के साथ इस सीजन का सबसे गर्म दिन रहा था। शुक्रवार को दिल्ली के विभिन्न इलाकों में तापमान और भी ज्यादा दर्ज किया गया। रिज क्षेत्र सबसे गर्म रहा, यहां तापमान 43.1 डिग्री, आयानगर में 42.5 डिग्री, पालम में 42 डिग्री और लोधी रोड में 41.8 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया। दिन भर सूरज की तपिश ने लोगों का हाल बेहाल किया। कई इलाकों में लू की स्थिति रही। मौसम विभाग ने पहले ही 24 व 25 अप्रैल के लिए लू का यलो अलर्ट जारी किया हुआ है।
हर स्तर पर पुख्ता इंतजाम हों : गुप्ता
दिल्ली में बढ़ती गर्मी और संभावित हीट वेव को लेकर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शुक्रवार को हीट वेव एक्शन प्लान 2026 की उच्चस्तरीय समीक्षा करते हुए साफ कहा कि सरकार का लक्ष्य वर्ष 2030 तक हीट वेव से होने वाली मौतों को शून्य तक लाना है। उन्होंने सभी विभागों को निर्देश दिए कि इस दिशा में हर स्तर पर पुख्ता, समयबद्ध और जमीनी इंतजाम सुनिश्चित किए जाएं। दिल्ली सचिवालय में आयोजित बैठक में मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी अस्पतालों में हीट वेव से प्रभावित मरीजों के लिए पर्याप्त बेड उपलब्ध हों और एम्बुलेंस में आवश्यक उपचार सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं।
ये भी पढ़ें : Indian Sailor in Iran : ईरान में भारतीय नाविक सुरक्षित : केंद्र

