Visa layoff 2026: भारत में Visa के कुछ कर्मचारियों के लिए 29 जुलाई की शुरुआत एक ऐसे ईमेल से हुई, जिसकी उन्हें उम्मीद नहीं थी। खबरों के मुताबिक, ये मैसेज सुबह 4 से 5 बजे के बीच आए। जब तक कई कर्मचारियों ने अपना दिन शुरू किया, तब तक उनकी नौकरी जा चुकी थी। यह छंटनी Visa के उस ग्लोबल फैसले का हिस्सा है जिसके तहत कंपनी लगभग 2,600 पद खत्म करने जा रही है, जो उसके कुल वर्कफोर्स का करीब 7 प्रतिशत है।
AI की वजह से जा रहे जॉब
बात सिर्फ नौकरियों में कटौती की नहीं है। असल बात यह है कि Visa आगे किस दिशा में बढ़ना चाहती है। इस योजना में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) अहम भूमिका निभा रहा है और भारत का बड़ा टेक्नोलॉजी वर्कफोर्स अब सीधे तौर पर इसका असर महसूस कर रहा है।
भारत में 3,500 से ज्यादा कर्मचारी
भारत में Visa के 3,500 से ज्यादा कर्मचारी थे और बेंगलुरु, मुंबई, चेन्नई और हैदराबाद में इसके टेक्नोलॉजी और कॉर्पोरेट हब थे। कंपनी ने अभी तक यह नहीं बताया है कि भारत में काम करने वाले कितने कर्मचारी इस ताजा छंटनी का हिस्सा हैं।
भारत में क्या हुआ?
इस रीस्ट्रक्चरिंग का भारत पर असर सबसे अहम बातों में से एक रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 29 जुलाई को तड़के कई कर्मचारियों को छंटनी के ईमेल मिले। खबर है कि भारत में मौजूद 28 लोगों की एक टीम में से 10 सदस्यों की नौकरी चली गई।
सीनियर अधिकारियों भी नौकरियां गईं
सिर्फ जूनियर लोगों की ही नौकरियां नहीं गई हैं। सीनियर डायरेक्टर, इंजीनियरिंग मैनेजर और Visa के साथ सालों से काम कर रहे कर्मचारी भी इससे प्रभावित हुए।
15-30 दिन का नोटिस दिया
कर्मचारियों को सेवरेंस पैकेज और लगभग 15 से 30 दिन का नोटिस पीरियड दिया गया। हालांकि, कुछ लोगों के मामले में कुछ ही दिनों में कंपनी के सिस्टम का एक्सेस हटा लिया गया और उनसे लैपटॉप व ID कार्ड भी वापस ले लिए गए।
नौकरियां क्यों कम कर रही Visa?
Visa का कहना है कि वह ज्यादा कुशल बनना चाहती है और अपने रिसोर्स उन क्षेत्रों में लगाना चाहता है जहां उसे मजबूत ग्रोथ की उम्मीद है। AI इस रणनीति का एक अहम हिस्सा है। CEO रयान मैकइनर्नी ने कहा कि Visa अब ऐसे AI टूल्स से आगे बढ़ना चाहता है जो सिर्फ कर्मचारियों की मदद करते हैं। कंपनी अब ‘एजेंटिक AI’ पर ज्यादा ध्यान दे रही है, मतलब ऐसे सिस्टम जो इंसानी देखरेख में काम कर सकते हैं।

